मंडला, 7 सितम्बर 2026
जिला चिकित्सालय मंडला ने राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानकों के असेसमेंट में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए 86.17 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। भारत सरकार एवं नेशनल हेल्थ सिस्टम्स रिसोर्स सेंटर द्वारा 6 सितंबर को जारी परिणाम में जिला चिकित्सालय मंडला को क्वालीफाई घोषित किया गया है।
जिला चिकित्सालय का नेशनल असेसमेंट 20 से 22 अगस्त 2026 तक महाराष्ट्र के डॉ. गोपाल दास कदम, छत्तीसगढ़ के डॉ. विक्रम शर्मा एवं हिमाचल प्रदेश की श्रीमती सरिता देवी शर्मा की टीम द्वारा किया गया। असेसमेंट के दौरान चिकित्सालय की व्यवस्थाओं, सेवाओं, स्वच्छता, संक्रमण नियंत्रण, जैविक कचरा प्रबंधन, मरीजों के अधिकार, क्लिनिकल सेवाओं, सपोर्टिंग सेवाओं एवं क्वालिटी मैनेजमेंट सहित विभिन्न मानकों का विस्तृत परीक्षण किया गया। टीम द्वारा चिकित्सालय का भौतिक निरीक्षण करने के साथ मरीजों एवं उनके परिजनों से फीडबैक भी लिया गया।
जिला चिकित्सालय के सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. विजय सिंह धुर्वे ने बताया कि जिला कलेक्टर श्री राहुल नामदेव धोटे के मार्गदर्शन एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी.जे. मोहंती के नेतृत्व में जिले की स्वास्थ्य संस्थाओं को एनक्यूएएस के निर्धारित मापदंडों के अनुरूप विकसित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि क्वालिटी सर्टिफिकेशन का मुख्य उद्देश्य मरीजों को बेहतर, सुरक्षित, सुलभ एवं स्वच्छ संक्रमणमुक्त वातावरण में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है।
असेसमेंट के लिए जिला चिकित्सालय के 19 विभागों को निर्धारित मापदंडों के अनुरूप विकसित किया गया। इनमें ओपीडी, आईपीडी, फार्मेसी, पैथोलॉजी, ब्लड सेंटर, रेडियोलॉजी, आकस्मिक चिकित्सा विभाग, आईसीयू, मैटरनिटी वार्ड, पीपीसी, मेजर ओटी, जनरल एडमिनिस्ट्रेशन, शिशु रोग ओपीडी एवं वार्ड, एनआरसी, एसएनसीयू, लेबर रूम तथा गायनिक ओटी सहित अन्य विभाग शामिल रहे।
असेसमेंट के दौरान टीम ने चिकित्सालय में मरीजों की आवाजाही, बढ़ते मरीज भार, उपचार प्रबंधन एवं आकस्मिक चिकित्सा व्यवस्था का भी विस्तार से जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान दिए गए सुधारात्मक सुझावों पर तत्काल अमल किया गया।
इस उपलब्धि में जिला क्वालिटी नोडल डॉ. प्रवीण उइके, चिकित्सकों, नर्सिंग एवं पैरामेडिकल स्टाफ, क्वालिटी टीम, सपोर्ट स्टाफ, सफाई मित्रों, सुरक्षा कर्मियों तथा अन्य विभागीय अधिकारी-कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। क्वालिटी मेंटर श्री शरद मेश्राम सहित पूरी टीम के समन्वित एवं निरंतर प्रयासों से जिला चिकित्सालय को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन के मानकों पर खरा उतरने में सफलता मिली।
एनक्यूएएस प्रमाणन के बाद जिला चिकित्सालय की स्वास्थ्य सेवाओं एवं नियमित व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार को और गति मिलने की उम्मीद है, जिससे जिले के मरीजों को बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
