मंडला, 3 मई 2026
स्वास्थ्य सेवाओं की संवेदनशील पहल ने एक मासूम के जीवन में नई रोशनी भर दी। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. डी.जे. मोहंती ने बताया कि राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (आरबीएसके) के अंतर्गत लगातार किए जा रहे प्रयासों से बच्चों को समय पर उपचार मिल रहा है और उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहा है।
निवास विकासखंड के ग्राम बम्हनीमाल, पोस्ट भटगांव निवासी 10 माह का बालक प्रयाग टेकाम जन्म से ही तालू फटा (क्लेफ्ट पैलेट) की समस्या से जूझ रहा था। परिवार इस समस्या को सामान्य मानकर अनदेखा कर रहा था और समय के साथ ठीक होने की उम्मीद लगाए बैठा था।
आरबीएसके टीम ने ग्राम भ्रमण के दौरान स्वास्थ्य परीक्षण में इस गंभीर समस्या की पहचान की। टीम ने परिजनों को समझाइश दी और बच्चे के इलाज के लिए प्रेरित किया। टीम के मार्गदर्शन में प्रयाग को जबलपुर के दुबे सर्जिकल एंड डेंटल क्लीनिक में भर्ती कराया गया, जहां 14 अप्रैल को उसकी निःशुल्क प्राइमरी पैलेटोप्लास्टी सर्जरी सफलतापूर्वक की गई।
सर्जरी के बाद प्रयाग अब स्वस्थ है और सामान्य बच्चों की तरह जीवन जी रहा है। उसके चेहरे पर लौटी मुस्कान ने परिवार की खुशी को दोगुना कर दिया है। परिजनों ने शासन-प्रशासन और आरबीएसके टीम के प्रति आभार व्यक्त किया। यह कहानी इस बात का प्रमाण है कि जागरूकता, समय पर पहचान और सही उपचार से बच्चों का भविष्य संवारा जा सकता है।
