मंडला अगर लगन हो और कुछ कर गुजरने की ज़िद्द तो सफलता जरूर कदम चूमती है,यही कर दिखाया शुश्री जमुना युइके ने जो बचपन से ही विकलांग है,अत्यंत गरीबी में स्वयं की पढ़ाई लिखाई,स्वयं व परिवार की जिम्मेदारी सम्भाली है।अपने काम,व खेल सब एक ही हाथ से करती है। परन्तु विकलांगता को आड़े नही आने दिया, लगातार आगे बढ़ने की लगन व जिद्द के कारण शुश्री जमुना युइके का चयन 20 नेशनल पैरा ओलंपिक में हुआ,वे एथलेटिक्स गेम (गोला फेक) की खिलाड़ी है,शुश्री जमुना युइके नेशनल खेलने के लिए भुवनेस्वर उड़ीसा रवाना हुई है ।यहाँ सफल प्रदर्शन के बाद इंटरनेशनल एशियन गेम्स में अपना प्रदर्शन दिखाएंगी।

शुश्रीजमुना युइके अपनी सफलता का श्रेय अपने गुरु श्री जयसवाल सर को देती है।जिनके मार्गदर्शन से उन्हें सफलता मिली है.वर्तमान में रेडक्राश व्रधाश्रम में वेवस्थापिक भी है।
राज्य सभा सासंद श्री मती सम्पतिया युइके ने अपने निवास में शुश्री जमुना युइके को माला पहना कर श्री फल भेंट कर मिठाई खिलाई उनके उज्वल भविष्य की कामना की वही श्री सुधीर कंस्कार ने माँ नर्मदा की पीतल की प्रतिमा भेंट की,श्री जयसवाल सर, श्री अनादि वर्मा,श्री नरेश कछवाहा समाजसेवी,श्री सुनील बाली ,श्री कुडापे जी ,सचिन शर्मा ने भी शुश्री जमुना युइके को फूल भेंट कर तिलक वंदन करके उन्हें शुभकामनाए दी है,।शुश्री जमुना युइके 20 नेशनल पैरा ओलंपिक चेम्पियन शिप में शामिल होने भवनेस्वर उड़ीसा रवाना हुई।
