गौसेवा मानव समाज के लिए सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है – मंत्री श्रीमती संपतिया उइके
गौवर्धन पूजा में हमारी प्राचीन संस्कृति और परंपरा झलकती है – सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते
जिला स्तरीय गौवर्धन पूजन का कार्यक्रम दयोदय पशु सेवा सदन में संपन्न हुआ
मंडला 2 नवंबर 2024
प्रदेश शासन की लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी के आव्हान पर पूरे प्रदेश में गौवर्धन पूजन का कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। प्रदेश में दीपावली का पर्व भी धूमधाम और उत्सवपूर्वक मनाया गया है। मुख्यमंत्री जी ने कहा है कि प्रदेश के सभी नागरिक मिलजुलकर गौवर्धन पूजन करें। गौसेवा करना मानव समाज के लिए सबसे बड़ा पुण्य का कार्य है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गौसेवा के लिए समर्पण, त्याग और सेवाभाव से काम करने वाले नागरिकों को सम्मानित करने को कहा है। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके शनिवार को दयोदय पशु सेवा सदन आमानाला में जिला स्तरीय गौवर्धन पूजन कार्यक्रम को संबोधित कर रही थी। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके और सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते के आगमन पर गौवर्धन पूजन का कार्यक्रम प्रारंभ किया गया। इस अवसर पर ग्वालों ने अपने परंपरागत नृत्य के माध्यम से उनका स्वागत किया। आयोजित कार्यक्रम में मंत्री श्रीमती संपतिया उइके, सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते और कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने गायों को अपने हाथ से लड्डू और प्रसाद खिलाये। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संजय कुशराम, नगरपालिका मंडला अध्यक्ष श्री विनोद कछवाहा, नगरपालिका मंडला उपाध्यक्ष श्री अखिलेश कछवाहा, जिला पंचायत सदस्य व सभापति (संचार एवं संकर्म) श्री शैलेष मिश्रा, सांसद प्रतिनिधि श्री जयदत्त झा, कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री श्रेयांश कूमट, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अमित वर्मा, संयुक्त कलेक्टर श्री जेपी यादव सहित जिला एवं जनपद स्तरीय अधिकारी, कर्मचारी, समाजसेवी और पत्रकारगण मौजूद थे। आयोजित कार्यक्रम में मंत्री श्रीमती संपतिया उइके और सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने गौसेवक श्री दिलीप चंद्रौल, श्री रेणु कछवाहा, श्री हीरालाल रैदास, पशुपालक श्री रामनारायण बर्वे, पशु चिकित्सक डॉ. पीके जोशी को उत्कृष्ट कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। आयोजित कार्यक्रम में मंत्री जी और सांसद जी को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। इस अवसर पर कृष्ण और राधारानी बने बाल कलाकारों का अभिनंदन किया गया।

मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खेती को लाभ का धंधा बनाने के लिए पशुपालन को बढ़ावा देने को कहा है। जिससे हमें पशुपालन से दुग्ध वस्तुएं और खेतों के लिए जैविक खाद उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना के तहत विशेष पिछड़ी जनजाति, बैगा परिवारों के लिए पक्के आवास भवन बनाए जा रहे हैं। जिससे विशेष पिछड़ी जनजाति परिवार के लिए पक्के मकान में रहने का सपना साकार हो सके। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री सृजन योजना के अंतर्गत हितग्राहियों को भैंस और उनके लिए अनाज उपलब्ध कराया जा रहा है। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने बताया कि दयोदय पशु सेवा सदन आमानाला का शुभारंभ जैन मुनि आचार्य विद्यासागर जी ने पूजा-अर्चना कर प्रारंभ की थी। इस गौशाला में प्रारंभ में तीन गाय थी, आज इनकी संख्या 300 बताई जा रही है। दिगम्बर समाज हमेशा पशुओं की सेवा करने में अग्रणी रहा है। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने आयोजित कार्यक्रम में बताया कि मंडला जिले में 8 गौशालाएँ संचालित हैं। उन्होंने सभी गौशालाओं का संचालन सुचारू रूप से करने के लिए उनकी व्यवस्था, सुरक्षा और निगरानी का समुचित प्रबंध करने को कहा है।

सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि गौवंश की रक्षा करना हमारी प्राचीन परंपरा रही है। गौवर्धन पूजन का कार्यक्रम प्राचीनकाल से ही परंपरागत रूप से मनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि गौवर्धन पूजा में हमारी प्राचीन संस्कृति और परंपरा झलकती है। गौवर्धन पूजन का कार्यक्रम गांव-गांव और घर-घर में मनाया जाता है। सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि मुख्यमंत्री जी ने गौवर्धन पूजन के अवसर पर सभी नागरिकों की सहभागिता सुनिश्चित करने को कहा है। मंडला जिले में गौवर्धन पूजन को एक अभियान के रूप में लेकर इसे व्यापक रूप से संपन्न कराया जा रहा है। उन्होंने बताया कि हमारी सरकार लगातार गौसेवा केन्द्रों में पशुओं के लिए आहार, सुरक्षा और इलाज का प्रबंध कर रही है। गौशालाओं को सफलतापूर्वक संचालित करने के लिए विस्तृत कार्ययोजना बनाई गई है। प्रदेश में विभिन्न योजनाओं को संचालित कर पशु पालकों को लाभान्वित किया जा रहा है। जिससे पशुपालकों की संख्या में वृद्धि हो सके। सांसद श्री कुलस्ते ने कहा कि मंडला जिले में संचालित 8 गौशालाओं में पशुओं का संरक्षण किया जा रहा है। गौशालाओं का संरक्षण व सुरक्षा के लिए सभी नागरिकों का योगदान जरूरी है। आयोजित कार्यक्रम का संचालन श्री अखिलेश उपाध्याय और डॉ. यूएस तिवारी ने आभार व्यक्त किया।

एकादशी से माँ नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती का शुभारंभ किया जाएगा – मंत्री श्रीमती संपतिया उइके
पंचचौकी महाआरती में जिले के सभी नागरिक शामिल होंगे – सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते
एकादशी से रपटाघाट (माहिष्मति घाट) नर्मदा नदी में पंचचौकी महाआरती का आयोजन होगा
जिला योजना भवन में आयोजित बैठक में सर्वसहमति से लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय
मंडला 2 नवंबर 2024
प्रदेश शासन की लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने कहा कि माँ नर्मदा नदी मंडला जिले के लिए जीवन दायिनी एवं धार्मिक नदी है। माँ नर्मदा नदी के लिए लोगों के मन में गहरी आस्था है। नर्मदा नदी के दर्शन और परिक्रमा के लिए लाखों श्रद्धालु मंडला जिले में आते हैं। नर्मदा नदी मंडला जिले में सबसे लम्बी यात्रा करती है जो कि हमारे लिए सौभाग्य की बात है। एकादशी के अवसर पर नर्मदा नदी के रपटाघाट (माहिष्मति घाट) से नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती का शुभारंभ किया जाएगा। जिसमें जिले के सभी जनप्रतिनिधि, समाजसेवी, व्यापारीगण, नागरिकों और पत्रकारगणों की सहभागिता जरूरी है। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके गुरूवार को जिला योजना भवन में आयोजित बैठक में माँ नर्मदा जी की महाआरती करने की तैयारियों की समीक्षा कर रही थी। इस अवसर पर सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते, जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संजय कुशराम, नगर पालिका अध्यक्ष श्री विनोद कछवाहा, जनपद पंचायत मंडला अध्यक्ष श्री सोनू भलावी, नगर पंचायत उपाध्यक्ष श्री अखिलेश कछवाहा, सांसद प्रतिनिधि श्री जयदत्त झा, जिला पंचायत सदस्य सभापति (संचार एवं संकर्म) श्री शैलेष मिश्रा, कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री अमित वर्मा, संयुक्त कलेक्टर श्री ऋषभ जैन, संयुक्त कलेक्टर श्री जेपी यादव, मुख्य नगरपालिका अधिकारी मंडला श्री गजानंद नाफड़े सहित नगरपालिका के पार्षद, अधिकारी, कर्मचारी, समाजसेवी, व्यापारीगण, मंदिर समितियों के पदाधिकारी और पत्रकारगण मौजूद थे। समिति के द्वारा सर्वसहमति से प्रस्ताव पास किया गया कि रपटाघाट अब माहिष्मति घाट के नाम से जाना जाएगा। पांच लाख रूपए जमा कर कोई भी नागरिक समिति में स्थाई सदस्य बन सकता है। इक्कईस हजार रूपए जमा करने पर अस्थाई सदस्य बने रहेंगे। सभी सामाजिक संगठनों के अध्यक्ष इस समिति में सदस्य बन सकते हैं। नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती का शुभारंभ एकादशी से प्रारंभ होगी।

मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने कहा कि धर्म प्रेमियों के द्वारा आग्रह किया गया है कि मंडला जिले में नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती प्रारंभ किया जाए। जैसा कि ग्वारीघाट, महाकालेश्वर उज्जैन, प्रयागराज, अयोध्या, उज्जैन जैसे इत्यादि पवित्र नगरों में किया जा रहा है। महाआरती के लिए साउंड सिस्टम की जाएगी। विभिन्न समितियों का गठन किया जाएगा। स्क्रीन लगाई जाएगी, जिसमें संपूर्ण महाआरती प्रदर्शित होगी। उक्त स्क्रीन में विभिन्न प्रकार के विज्ञापन प्रदर्शित किए जा सकेंगे। कोई भी श्रद्धालु पंचचौकी महाआरती का आयोजन कर सकेगा। इसके लिए उससे विधिवत रूप से शुल्क लिया जाएगा। मंत्री श्रीमती संपतिया उइके ने बताया कि पंचचौकी महाआरती स्थल से अतिक्रमण हटाकर दुकानें व्यवस्थित रूप से स्थापित की जाएगी। पार्किंग व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। घाटों का सौन्दर्यीकरण किया जाएगा। सेल्फी प्वाईंट बनाए जाएंगे। नर्मदा नदी के तट पर सीमेंट के सोफे लगाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि देवउठनी एकादशी के दिन से माँ नर्मदा जी की महाआरती प्रारंभ की जाएगी। इस महाआरती में जिले के सभी श्रृद्धालु व नागरिकगण शामिल होंगे। उन्होंने बताया कि महाआरती रपटाघाट (माहिष्मति घाट) में प्रतिदिन नियमित रूप से संपन्न की जाएगी। महाआरती का समय सर्दी के मौसम में सायंकाल 6:30 बजे और ग्रीष्मकाल में सायंकाल 7:30 बजे होगी।

सांसद श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने कहा कि ट्रस्ट और समिति के द्वारा नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती नियमित रूप से की जाएगी। महाआरती के लिए तैयारी और व्यवस्थाएं समय पर सुनिश्चित होगी। महाआरती में जिले के सभी नागरिक एवं समिति के लोग शामिल हो सकेंगे। किसी भी नागरिक के लिए विशेष अवसरों पर महाआरती का खर्चा उठाकर महाआरती कराने की सुविधा रहेगी। उन्होंने कहा कि समिति के द्वारा खर्च की जा रही राशि का आय-व्यय में पारदर्शिता होगी। समिति के सदस्यों की शिकायतों व समस्याओं का निराकरण समिति के मध्य में किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नर्मदा जी की पंचचौकी महाआरती का यह अभियान लगातार जारी रहना चाहिए। परिक्रमावासियों और साधु-संतों के लिए सेवाभाव से काम किया जाएगा। कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने बताया कि रपटाघाट (माहिष्मति घाट) में पंचचौकी महाआरती का आयोजन 12 नवंबर से नियमित रूप से प्रारंभ की जाएगी। महाआरती के आयोजन के लिए ट्रस्ट का निर्माण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नर्मदा नदी में नहाने वाले व्यक्ति व श्रद्धालुओं को साबुन का उपयोग न करने, कपड़े न धोने तथा पूजन व दूषित सामग्री विसर्जन न करने की समझाईश दी जाएगी। सुरक्षा, पार्किंग एवं प्रकाश का प्रबंध किया जाएगा। अतिक्रमण हटाने की कार्यवाही की जाएगी।
मुख्यमंत्री निवास में हुई गोवर्धन पूजा
मंडला 2 नवंबर 2024
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार को मुख्यमंत्री निवास में गोवर्धन पूजा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवास स्थित गौशाला में विधि-विधान और मंत्र उच्चारण के साथ गोवर्धन पूजा कर प्रदेशवासियों के सुखी जीवन की प्रार्थना की। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा संपूर्ण प्रदेश में गोवर्धन पूजा के कार्यक्रम आयोजित किए गए।
सनातन परंपरा से नागरिकों को जोड़ने का प्रयास
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शासन स्तर पर गोवर्धन पूजा के कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए थे। दीपावली के दूसरे दिन गोवर्धन पूजा की परंपरा काफी प्राचीन है। गोवर्धन एवं गाय की पूजा प्रतीक रूप में होती है। वास्तव में यह प्रकृति की पूजा का भी पर्व है। लोक जीवन में गोवर्धन पूजा की समृद्ध परंपरा है जिससे युवा पीढ़ी को अवगत करवाने की दिशा में भी इस वर्ष शासन द्वारा विशेष प्रयास किए गए।
गौ–शाला में गायों के साथ गुजारा समय
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गोवर्धन पूजा के बाद मुख्यमंत्री निवास स्थित गौ-शाला की गायों के साथ कुछ समय भी बिताया। उन्होंने गायों को स्नेह पूर्वक दुलारा और उन्हें गुड़ एवं मिष्ठान इत्यादि स्वयं खिलाया।


