मंडला 19 सितंबर 2025
आपदा जोखिम न्यूनीकरण और प्रबंधन योजना के तहत 11 एनडीआरएफ, वाराणसी की टीम द्वारा निरीक्षक श्री संजीव कुमार गुप्ता के नेतृत्व में आईओसीएल एलपीजी बॉटलिंग प्लांट मनेरी जिला मंडला में सीबीआरएन (केमिकल, बायोलोजिकल, रेडिओलोजिकल और न्यूक्लियर) आपदा पर संयुक्त मॉक अभ्यास किया गया। एनडीआरएफ ने प्लांट कर्मचारी एसडीईआरएफ, होमगार्ड, पुलिस, ज़िला प्रशासन के साथ एलपीजी लीकेज एमरजेंसी पर मॉक अभ्यास का आयोजन किया गया।

इस दौरान प्लांट परिसर में एलपीजी गैस टैंकर के रिसाव का परिदृश्य तैयार किया गया था, जिसमें कुछ कर्मचारी उसके सम्पर्क में आने से प्रभावित हो गये थे। अभ्यास की शुरुआत आपातकालीन अलार्म के साथ हुई। प्रभावित पीड़ितों को निकालने के लिए विशेष प्रतिक्रिया के लिए एनडीआरएफ टीम को बुलाया गया। एनडीआरएफ की टीम ने जानकारी जुटाकर स्थिति का आकलन किया एवं इसके साथ ही ऑपरेशन बेस, मेडिकल पोस्ट और कम्यूनिकेशन पोस्ट तैयार किया। इसके बाद टीम ने खतरे की जांच कर ऑपरेशन शुरू किया। एनडीआरएफ टीम द्वारा एलपीजी गैस रिसाव के स्त्रोत को सील कर दिया गया। बचाव दल द्वारा सीबीआरएन सूट की मदद से प्रभावित पीड़ितों को सुरक्षित निकाला गया। उसके बाद, पीड़ितों और बचावकर्ताओं की परिशोधन प्रक्रिया को अंजाम दिया गया।

यह पूरा अभ्यास श्री सी.एल.वर्मा (एसडीएम निवास), श्री एस.एस. बाजपाई (उप महाप्रबंधक, आईओसीएल), डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट श्री नरेश कुमार साहू, श्री हेमराज परस्ते प्लाटून कमांडर, श्री नितिन सिंह बिनवार (प्रबंधक), श्री इंद्रेश पटेल (उप प्रबंधक), ज़िला प्रशासन, होम गार्ड, एसडीईआरएफ और प्लांट के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की मौजूदगी में किया गया।

मॉक अभ्यास का उद्देश्य सभी हितधारकों के बीच समन्वय बनाना, उपचारात्मक उपाय करना, संसाधनों की दक्षता की जांच करना और प्रतिकूल स्थिति में बचाव कार्यवाही को परखना था, जिससे किसी भी सीबीआरएन आपदा के दौरान कार्यवाही करते हुए बहुमूल्य मानव जीवन को बचाया जा सके।

