मण्डला 12 नवम्बर 2020
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. श्रीनाथ सिंह द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार 12 नवंबर को विश्व निमोनिया दिवस के रूप में मनाया गया। इसी तारतम्य में जिला चिकित्सालय मण्डला के बच्चा वार्ड में भर्ती मरीज की माताओं को निमोनिया बीमारी के संबंध में जागरूक किया गया। साथ ही जिले के समस्त मैदानी कार्यकर्ताओं के द्वारा हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर में विश्व निमोनिया दिवस मनाया जा रहा है, जिसमे 0-5 वर्ष के बच्चों की मॉ को निमोनिया, इसके लक्षण एवं बचाव तथा उपचार के विषय में जानकारी दी जा रही है। ताकि 0-5 वर्ष तक के बच्चों में होने वाली बाल मृत्यु में 14 प्रतिशत तक की कमी लाई जा सके।
जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. वाय.के. झारिया ने जानकारी दी कि निमोनिया 0 से 5 वर्ष के बच्चों में अधिक खतरनाक होता है। इसके लक्षणों में सर्दी, खांसी, बुखार, श्वसन दर में वृद्धि होती है, जिसमें बच्चे की मृत्यु भी हो सकती है। यदि बच्चे में ऐसे लक्षण मिलते है, तो तत्काल डॉक्टरी परामर्श लेकर इलाज कराना चाहिये। निमोनिया से बचाव के लिये ठंड में विशेष सावधानी रखनी चाहियें, बच्चों को गर्म रखना चाहियें, मौसम अनुसार कपड़े पहनाना चाहियें, निमोनिया से बचाव के लिये बच्चे को पीसीव्ही का टीका लगवाना आवश्यक है। साथ ही 5 वर्ष तक के बच्चों का संपूर्ण टीकाकरण करना चाहिए। कार्यक्रम में डॉ. विजय मिश्रा सिविल सर्जन, डॉ. अल्का तेजा शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ विजय धुर्वे शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ यतीन्द्र झारिया जिला टीकाकरण अधिकारी, श्रीमति सुलोचना रजक प्रभारी डिप्टी मीडिया तथा श्री राम प्रसाद राने उपस्थित रहे।
