चैत्र शुक्ल प्रतिपदा तिथि से 90 दिवसीय जल गंगा जल संवर्धन अभियान प्रारंभ हुआ है। इस अभियान की शुरुआत में 30 मार्च को विविध आयोजन हुए। जिला मुख्यालय में माँ नर्मदा तट माहिष्मति घाट पर शुभारंभ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मध्यप्रदेश शासन की कैबिनेट मंत्री श्रीमती संपतिया उईके एवं जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संजय कुशराम द्वारा दीप प्रज्वलित कर की गई।

इस अवसर पर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उईके ने कहा कि गिरता हुआ भूजल स्तर अत्यंत चिंता का विषय है। प्रदेश के मुख्यमंत्री ने इसीलिए 90 दिवसीय इस अभियान की शुरुआत की है। अभियान की सफलता केवल शासन का उत्तरदायित्व नहीं है, हम सभी को मिलकर इस अभियान को जन अभियान बनाना है। अगले तीन महीने हमें “घर का पानी घर में, खेत का पानी खेत में” की भावना को चरितार्थ करना है। जिससे धरा का भू-जल स्तर बढ़े।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री संजय कुशराम ने कहा कि यह शासन की अत्यंत महत्वाकांक्षी योजना है। आने वाले समय में जल संकट एक बड़ी समस्या होने वाली है। इसके लिए दूरदर्शी सोच के साथ प्रदेश की सरकार ने 90 दिन का यह अभियान प्रारंभ किया है। पिछले वर्ष भी जल गंगा संवर्धन अभियान चलाया था। इस अवधि में हमें जल स्त्रोतों की साफ-सफाई कराना है, सरोवरों, पोखरों, तालाबों के पुनर्जीवन के लिए प्रयास करना है। हम सभी को इस अभियान का हिस्सा बनना होगा। इस अवसर पर नगरपालिका अध्यक्ष श्री विनोद कछवाहा, नगर पालिका परिषद उपाध्यक्ष श्री अखिलेश कछवाहा, कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा, पुलिस अधीक्षक श्री रजत सकलेचा, सीईओ जिला पंचायत श्री श्रेयांस कूमट, अपर कलेक्टर श्री अरविंद सिंह, अपर कलेक्टर श्री जेपी यादव सहित बड़ी संख्या में स्थानीयजन उपस्थित रहे।

