मंडला, 26 अप्रैल 2026
मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद मंडला के तत्वावधान में ’’आदि शंकराचार्य’’ के पावन प्राकट्योत्सव (प्राकट्य पंचमी) के अवसर पर जिला स्तरीय भव्य व्याख्यान कार्यक्रम का आयोजन स्थानीय डाइट सभागार में प्रातः 11 बजे से सायं 3 बजे तक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में जिले से आए विद्वानों, विद्यार्थियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं नागरिकों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वामी सच्चिदानंद महाराज (सुरंगदेव आश्रम) रहे तथा अध्यक्षता जिला पंचायत सदस्य श्री संदीप सिंह ने की। मुख्य वक्ता के रूप में श्री महेंद्र सिंह (वैदिक गुरुकुल एवं गैस आरक्षण समिति कार्यक्रम संयोजक) उपस्थित रहे। विशेष अतिथि के रूप में ब्रह्मचारी विक्रांत सिंह एवं जिला समन्वयक श्री राजेंद्र चौधरी मंचासीन रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ ’’आदि शंकराचार्य’’ एवं माँ सरस्वती के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्वलन, संगठन गीत एवं मंत्र के साथ हुआ। प्रस्तावना रखते हुए श्री राजेंद्र चौधरी ने जन अभियान परिषद के सामाजिक एवं सांस्कृतिक प्रयासों पर प्रकाश डालते हुए कार्यक्रम के उद्देश्यों की जानकारी दी।
व्याख्यान में ’’आदि शंकराचार्य’’ के जीवन दर्शन पर विस्तार से चर्चा करते हुए बताया गया कि उनका जन्म केरल के कालड़ी ग्राम में हुआ था। उन्होंने अल्पायु में सन्यास ग्रहण कर संपूर्ण भारत का भ्रमण किया और सनातन संस्कृति के पुनर्जागरण का कार्य किया। अद्वैत वेदांत के माध्यम से “सर्वं खल्विदं ब्रह्म” का संदेश देते हुए उन्होंने देश के चारों दिशाओं में चार प्रमुख मठ स्थापित कर सांस्कृतिक एकता को सुदृढ़ किया।

मुख्य अतिथि स्वामी सच्चिदानंद महाराज ने अपने उद्बोधन में कहा कि ’’आदि शंकराचार्य’’ भारतीय संस्कृति के महान पुनर्जागरणकर्ता थे। उन्होंने सामाजिक कुरीतियों, छुआछूत और पाखंड का विरोध करते हुए समरस समाज की स्थापना का मार्ग प्रशस्त किया। कार्यक्रम में नवांकुर संस्थाओं के प्रतिनिधि, ग्राम विकास प्रस्फुटन समितियों के सदस्य, सीएमसीएलडीपी पाठ्यक्रम के छात्र-छात्राएं, विद्यार्थी एवं नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का समापन ‘नर्मदाष्टक’ के सामूहिक पाठ के साथ हुआ, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया।
