Reva India News
Otherऑटोब्रेकिंग न्यूज़मंडला हमारा जिला

बरसात में होने वाली संक्रामक बीमारी से बचने एडवाईजरी

मण्डला 17 अक्टूबर 2020

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. श्रीनाथ सिंह ने बारिश के मौसम में होने वाली संक्रामक बीमारियों से बचने के लिए एडवाईजरी जारी की है। उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में बरसात के दौरान जलजनित बीमारी होने की संभावना हो सकती है। बरसात में अक्सर दस्त, उल्टी, बुखार, आंव, पेट दर्द, पेचिस, पीलिया, टाइफाईड, डायरिया जैसे बीमारियाँ होती है। बीमारी से बचने के लिए सावधान रहें। बीमार न हो इसके उपाय करें एवं स्वस्थ रहें।

बीमारी से कैसे बचें – उल्टी, दस्त, पेचिस, आंव जैसी संक्रामक बीमारी से बचने के लिए ताजा भोजन का सेवन करें। शुद्ध पानी पीयें जैसे उबला पानी, आरो का पानी, फिल्टर, हैण्ड पम्प का पानी पीयें, नदी एवं नाला आदि का पानी न पीयें। पानी का क्लोरीनेशन करके पीयें। सड़ी-गली सब्जी, फल, बासा खाना न खायें, मांस का उपयोग बरसात के दिनों में न करें। व्यक्तिगत स्वछता अपनायें। खाने के चीजों को छूने से पहले साबुन से अच्छी तरह हाथ धोयें। इसी प्रकार संक्रमित चीजों को छूने के बाद साबुन से अच्छी तरह हाथ धोयें। भोजन बनाने, खाने के पहले, या शौच के बाद हाथों को अच्छी तरह साबुन से धोयें। स्वच्छ शौचालय का उपयोग करे।

उपचार- डॉ. के परामर्श से उल्टी, दस्त के लिए टेबलेट फ्युराजोलाडिन, मेट्रोजिन डायक्लोमिन, मेट्रोक्लोरापामाइड, जिंक, ओ. आर. एस. का घोल, खीरा, दही, सिकंजी, चावल का पानी (माड) तथा तरल पदार्थ अधिक मात्रा में सेवन करें।

सुझाव- दस्त से संबंधित संक्रामक बीमारी होने पर नजदीकी अस्पताल जायें। ग्राम स्तर में आशा कार्यकर्ता एवं डीपो होल्डर के माध्यम से जीवन रक्षक दवाइयां प्राप्त करें।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने जनसमुदाय को मलेरिया एवं डेंगू से बचाव के लिए भी सलाह जारी की है। उन्होंने कहा है कि बरसात के दिनों में वेक्टर जनित रोग जैसे मलेरिया, डेंगू, चिकिनगुनिया, फायलेरिया (हाथी पांव) जैसे गंभीर बीमारी होती है। गंदा पानी, नाली, गडढों में पानी एकत्रित होने से मच्छर के लारवा पनपते हैं। मादा एनाफिलिस मच्छर के काटने से मलेरिया होता है। डेंगू का लार्वा साफ पानी में पैदा होता है जैसे कूलर, टूटे हुए टायर, टंकी में एडीज मच्छर के लार्वा पनपते हैं। एडीज मच्छर के काटने से डेंगु होता हैं। इसी प्रकार चिकुनगुनिया का वायरस सीधे हडडी पर अटैक करता है जिसे असहनीय दर्द होता है। मलेरिया, डेंगु, चिकनगुनिया, फायलेरिया से बचने के लिए घर के आसपास की सफाई रखें। पानी इक्कठा न होने दें तथा गडडों को भरे जायें। कूलर व टंकी के पानी को एक सप्ताह में खाली करें। नीम का धुआं करें, शाम के समय खिड़की दरवाजे बंद रखें तथा रात्रि में सोते समय मच्छर दानी का उपयोग करें। बुखार आने पर नजदीकी अस्पताल जाकर खून की जांच कारायें एवं ग्रामीण क्षेत्र में आशा कार्यकर्ता के पास जाकर खून की जांच करायें और दवायें प्राप्त करें।

Related posts

संकल्प से समाधान अभियान: न्यून प्रगति पर उपसंचालक पशुपालन डॉ. यूएस तिवारी को एससीएन जारी

Reva India News

मोदी निर्मित महंगाई बेरोजगारी से जनता त्रस्त सरकार मस्तमहंगाई बेरोजगारी के खिलाफ कांग्रेस ने किया विरोध प्रदर्शन – किया पुतला दहन

Reva India News

जिला स्तरीय क्रियान्वयन समिति की बैठक आज

Reva India News

Leave a Comment