मण्डला 10 फरवरी 2021
महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की समीक्षा करते हुए कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि जिला तथा विकासखण्ड स्तर के अधिकारी सतत् रूप से क्षेत्र का भ्रमण करते हुए हितग्राहियों को शासन द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ दिलाना सुनिश्चित करें। अधीनस्थ अमले द्वारा दी जा रही रिपोर्ट की रैंडम आधार पर जांच करें। स्वास्थ्य तथा महिला एवं बाल विकास आपस में जानकारियां साझा कर डेटा की विसंगतियों को दूर करें। कलेक्टर कक्ष में संपन्न हुई इस बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी श्वेता तड़वे सहित समस्त परियोजना अधिकारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि जच्चा एवं बच्चा के जीवन की रक्षा करना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। गंभीरतापूर्वक अपने दायित्वों का निर्वहन करें। आशा तथा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता आपस में समन्वय कर बच्चों तथा गर्भवती एवं धात्री महिलाओं के टीकाकरण, पोषण आहार आदि योजनाओं का लाभ दिलाएं। अन्य क्षेत्रों से आने वाले गर्भवती महिलाओं को भी पात्रतानुसार लाभ दिलाएं। विभिन्न कारणों से जिले के बाहर जाने वाले युवतियों की जानकारी आंगनवाड़ी केन्द्रों में रखी जाए। कार्यक्रम अधिकारी तथा सहायक संचालक विकासखण्ड स्तर पर जाकर संचालित योजनाओं की समीक्षा करें। उन्होंने कहा कि पोर्टल पर एन्ट्री का कार्य अगले 2 दिवस में पूर्ण किया जाए। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि नारंगी श्रेणी के बच्चों का पुनः स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाए तथा प्राथमिकता के आधार पर उन्हें पोषण पुर्नवास केन्द्र भेजा जाए। कलेक्टर ने कहा कि लाड़ली लक्ष्मी योजना के तहत् 15 फरवरी तक लक्ष्य की पूर्ति सुनिश्चित की जाए। बीईओ एवं बीआरसी से समन्वय कर शालात्यागी बालिकाओं को शाला भेजना सुनिश्चित करें। बैठक में मातृवंदना योजना, टीकाकरण आदि की भी समीक्षा की गई। विभिन्न योजनाओं की कमजोर प्रगति पर मोहगांव, बिछिया, घुघरी एवं मवई के परियोजना अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
साक्षर महिलाओं को वितरित करें प्रमाण पत्र
कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि निरक्षरता से आजादी अभियान के तहत् साक्षर हो चुकी महिलाओं को 16 फरवरी बसंत पंचमी के अवसर पर साक्षरता प्रमाण पत्र वितरित किया जाए। उन्होंने इन महिलाओं को लगातार शैक्षणिक गतिविधियों से जोड़े रखने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि पंचायत स्तर पर लगने वाले ज्ञानालय सप्ताह में 3 दिन खोले जाएं।
घर पर प्रसव पर नोटिस जारी करने के निर्देश
संस्थागत प्रसव की समीक्षा करते हुए कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि गर्भवती महिला तथा उनके परिवार से लगातार संपर्क करते हुए उन्हें संस्थागत प्रसव के लिए प्रेरित किया जाए। उन्होंने विकासखंडवार समीक्षा करते हुए उन क्षेत्रों के बीएमओ, परियोजना अधिकारी तथा सेक्टर सुपरवाईजर सहित संबंधितों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए जहां पर घर पर प्रसव हुए हैं। उन्होंने जिला कार्यक्रम अधिकारी को प्रत्येक प्रकरण की जांच कर प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि अगले माह होने वाले प्रसव के लिए संभावित तिथि की जानकारी सीएमएचओ एवं बीएमओ को उपलब्ध कराई जाए जिससे जननी सुरक्षा वाहनों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित हो सके।
बाल विवाह के संबंध में चलाएं विशेष अभियान
बैठक में कलेक्टर हर्षिका सिंह ने निर्देशित किया कि विशेष अभियान चलाकर जनसामान्य को बाल विवाह के दुष्प्रभावों की जानकारी दी जाए। अभिभावकों की काउंसलिंग करते हुए बताया जाए कि 21 वर्ष से कम उम्र के बालक तथा 18 वर्ष से कम उम्र में बालिका की शादी कानून अपराध है। इसी प्रकार गर्भधारण के संबंध में भी सही उम्र के संबंध में जानकारी प्रदान करें। गर्भवती महिला को लगने वाले टीके तथा समुचित आहार के संबंध में भी लोगों को जानकारी दी जाए। उन्होंने इस संबंध में नर्मदा उत्सव के दौरान भी जनसामान्य को शपथ दिलाने की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
