मण्डला 18 फरवरी 2022
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी हर्षिका सिंह ने वर्तमान में संचालित बोर्ड परीक्षाओं के दौरान ध्वनिविस्तारक यंत्रों के उपयोग संबंधी आदेश जारी कर दिए हैं। जारी आदेश में उन्होंने कहा है कि विद्यार्थियों की वार्षिक परीक्षाएं निकट है तथा तीव्र संगीत एवं ध्वनि विस्तारक यंत्रों से उत्पन्न कोलाहल के कारण विद्यार्थियों को अध्ययन में बाधा उत्पन्न होती है। लोकहित में छात्रों के अध्ययन को बाधा मुक्त रखने के लिये ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग का जिले में वार्षिक परीक्षाओं की समाप्ति तक प्रतिबंधित करना आवश्यक है। श्रीमती सिंह ने कोलाहल नियंत्रण आधिनियम 1985 की धारा 4, 5, 7 एवं 10(2) सहपठित धारा 18 के अंतर्गत संपूर्ण मण्डला जिले को कोलाहल प्रतिबंधित क्षेत्र (जोन ऑफ साइलेंस) घोषित कर तीव्र संगीत एवं कोलाहल हेतु ध्वनि विस्तारक यंत्रों का प्रयोग तत्काल प्रभाव से 31 मई 2022 तक पूर्णतः निषिद्ध किया है। विशिष्ट प्रयोजनों में म0प्र0 शासन गृह विभाग की अधिसूचना 10 जनवरी 1991 में विनिर्दिष्ट क्षेत्रों में उपर्युक्त अधिनियम की धारा 7(1, 2 एवं 3) के अंतर्गत संबंधित क्षेत्र के अनुविभागीय दण्डाधिकारी से लिखित अनुज्ञा प्राप्त कर ध्वनि विस्तारक का सशर्त उपयोग निषिद्ध समयावधि में किया जा सकेगा, परंतु आवाज की गंज 300 मीटर परिधि से अधिक न होगी तथा डी.जे. का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा एवं रात्रि 10 बजे से सुबह 6 बजे तक ध्वनि विस्तारक का उपयोग पूर्णतः प्रतिबंधित होगा। अनुविभागीय दण्डाधिकारी की अनुपस्थिति में संबंधित क्षेत्र के तहसीलदार/नायब तहसीलदार एवं कार्यपालिक दण्डाधिकारी से लिखित अनुज्ञा प्राप्त करना अनिवार्य होगा।
कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने निर्देशित किया है कि सभी अनुविभागीय दण्डाधिकारी एवं तहसीलदार/कार्यपालिक दण्डाधिकारी अपने अनुविभाग या तहसील के संपूर्ण क्षेत्रों के लिये विनिर्दिष्ट कालावधि के लिये एवं विनिर्दिष्ट प्रयोजन के लिये निषिद्ध अवधि में क्षेत्र के थाना प्रभारी, चौकी प्रभारी या नगर निरीक्षक की अनुशंसा के आधार पर ध्वनि विस्तारक यंत्रों की अनुज्ञा देने हेतु संक्षम होंगे। अधिनियम की धारा 8 के अधीन ध्वनि विस्तारक सरकार या स्थानीय प्राधिकरण की ओर से आख्यापनायें करने या विधि और व्यवस्था बनाये रखने के लिये चलाये जा सकेंगे।
