मंडला, 02 दिसंबर 2025
जिले में प्राकृतिक कृषि को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय प्राकृतिक कृषि मिशन के अंतर्गत चयनित कृषि सखियों के द्वितीय बेच का पांच दिवसीय प्रशिक्षण का शुभारंभ 1 दिसंबर को कृषि विज्ञान केन्द्र मण्डला में किया गया। केन्द्र प्रभारी डॉ. दीपाली बाजपेयी ने अपने स्वागत उद्बोधन में प्रशिक्षण की रूपरेखा एवं प्राकृतिक खेती का महत्व बताते हुये उपस्थित कृषि सखियों को कहा कि यह प्राकृतिक कृषि की ध्वजवाहक हैं जो कि कृषकों के बीच में सेतु का कार्य करेंगी और देश में उच्च गुणवत्ता युक्त अन्न उत्पादन में अपना बहुमूल्य योगदान देंगे।
कार्यक्रम में परियोजना संचालक आत्मा पीडी जाटव के द्वारा राष्ट्रीय प्राकृतिक कृषि मिशन के अंतर्गत चयनित कृषि सखियों का प्राकृतिक कृषि संकुल में भूमिका एवं मिशन में उनके सक्रिय महत्व को समझाया। तकनीकी सत्र में केंद्र के मृदा वैज्ञानिक एवं मास्टर ट्रेनर डॉ. आरपी अहिरवार ने प्राकृतिक खेती पर जानकारी देते हुए बताया कि प्राकृतिक खेती समय की मांग है और यह क्यों जरुरी है इस पर विस्तार से चर्चा की। इस दौरान केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. प्रणय भारती, कु. केतकी धुमकेती, उपपरियोजना संचालक आत्मा अंजू कुड़ापे, मोहित गोल्हानी, अजीत बोरकर, ओमवीर रघुवंशी, कल्याणी मेरावी एवं क्लस्टर की कृषि सखियां उपस्थित रही।
