मंडला, 21 जनवरी 2026
जिले के युवाओं को रोजगार के लिए भटकना न पड़े, उन्हें अपने ही जिले में अवसर मिले और प्रतिभा को सही मंच मिले इसी सोच के साथ कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा के मार्गदर्शन में जिला प्रशासन मंडला ने एक ऐतिहासिक पहल करते हुए महा युवा संगम रोजगार मेला आयोजित किया। यह आयोजन केवल एक रोजगार मेला नहीं, बल्कि जिले के युवाओं के भविष्य को नई दिशा देने वाला परिवर्तनकारी अभियान बनकर सामने आया, जिसके पीछे कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा की सोच, रणनीति और दृढ़ संकल्प प्रमुख आधार रहा।

जिले के युवाओं में क्षमता तो है, लेकिन सही मार्गदर्शन और अवसर का अभाव उनकी प्रगति में बाधा बनता है। इस वास्तविकता को समझते हुए कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र तथा जिला रोजगार कार्यालय की संयुक्त बैठक में महा युवा संगम रोजगार मेले का कांसेप्ट सामने रखा और इसे मिशन मोड में क्रियान्वित करने के निर्देश दिए।

यह कांसेप्ट इतना प्रभावशाली और परिणामोन्मुखी था कि प्रदेश की लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उईके एवं प्रभारी मंत्री श्री दिलीप जायसवाल को इसकी विस्तृत जानकारी दी गई। इसके बाद मंत्रियों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में ही इस रोजगार अभियान का शुभंकर लॉन्च किया गया, जिसने पूरे जिले में युवाओं के भीतर नई उम्मीद जगा दी।

हर युवा तक पहुंचा अवसर- हर स्तर पर तैयारी
कलेक्टर श्री मिश्रा की सोच सिर्फ कार्यक्रम कराने तक सीमित नहीं रही, बल्कि उन्होंने इसे युवाओं तक पहुंचाने के लिए मजबूत सिस्टम तैयार कराया। जिले के बेरोजगार युवाओं के लिए विशेष लिंक जारी कर रजिस्ट्रेशन अभियान चलाया गया। पीजी कॉलेज, पॉलिटेक्निक कॉलेज और आईटीआई में कंट्रोल रूम बनाकर युवाओं को रजिस्ट्रेशन के लिए प्रेरित किया गया। हर युवा तक जानकारी पहुंचे, इसके लिए व्यापक जन-जागरूकता और मार्गदर्शन की व्यवस्था की गई। साथ ही युवाओं को मदद देने के लिए अलग-अलग समय में आईटीआई ट्रेनिंग ऑफिसर एवं वरिष्ठ अधिकारियों के द्वारा सीवी रिज्यूम बनाने और मॉक इंटरव्यू की तैयारी भी कराई गई। ताकि वे कंपनी प्रतिनिधियों से चर्चा के दौरान स्वयं को असहज न महसूस करें।

जिला बना रोजगार का केंद्र – 46 प्रतिष्ठित कंपनियों की भागीदारी
जहां एक ओर युवाओं को तैयार किया गया, वहीं दूसरी ओर कलेक्टर की टीम ने जिले, प्रदेश एवं देश की प्रतिष्ठित कंपनियों और औद्योगिक इकाइयों से सीधा संवाद कर उन्हें मंडला आमंत्रित किया। परिणाम यह हुआ कि देशभर से 46 कंपनियों के प्रतिनिधियों ने मेले में शामिल होने की सहमति दी। यह जिले के लिए बड़ी उपलब्धि रही, क्योंकि आमतौर पर युवाओं को रोजगार के लिए बड़े शहरों की ओर जाना पड़ता है, लेकिन यहां रोजगार स्वयं युवाओं के द्वार तक पहुंचा।

4200+$ वैकेंसी, 10 हजार+ रजिस्ट्रेशन रिकॉर्ड स्तर पर सहभागिता
इस मेले में विभिन्न अंचलों से आई विनिर्माण एवं सेवा क्षेत्र की कम्पनियों ने 4200 से अधिक वैकेंसी उपलब्ध कराई। जिले के युवाओं ने भी उत्साह के साथ भागीदारी निभाई और 10 हजार से अधिक युवाओं ने ऑनलाईन एवं ऑफलाईन माध्यम से रजिस्ट्रेशन कराया। यह आंकड़े दर्शाते हैं कि यह आयोजन केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि युवाओं की आकांक्षाओं से जुड़ा विश्वास और उम्मीद का मंच बन गया।

कलेक्टर स्वयं बने युवाओं के मार्गदर्शक
महा युवा संगम की सबसे विशेष बात यह रही कि कलेक्टर श्री मिश्रा ने केवल प्रशासनिक निर्देश देकर जिम्मेदारी समाप्त नहीं की, बल्कि उन्होंने युवाओं की तैयारी और भविष्य को लेकर स्वयं सक्रिय भूमिका निभाई। पंजीकृत युवाओं की ऑनलाइन और ऑफलाइन काऊंसिलिंग कराई गई। कलेक्टर श्री मिश्रा वर्चुअल माध्यम से काऊंसिलिंग सेशन में स्वयं जुड़े और युवाओं को इंटरव्यू, करियर विकल्प और अवसरों के बारे में मार्गदर्शन दिया। युवाओं को यह महसूस हुआ कि प्रशासन सिर्फ व्यवस्था नहीं बना रहा, बल्कि उनके साथ खड़ा होकर भविष्य गढ़ रहा है।

20 जनवरी को ऐतिहासिक आयोजन- हजारों युवाओं के सपनों को मिली उड़ान
20 जनवरी को पीएम श्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस के ऑडिटोरियम हॉल में भव्य तैयारियों के साथ रोजगार मेले का आयोजन किया गया। इसका शुभारंभ प्रदेश शासन की केबिनेट मंत्री श्रीमती संपतिया उईके द्वारा किया गया। दिनभर चली काऊंसिलिंग और इंटरव्यू प्रक्रिया के बाद 4 हजार से अधिक युवाओं को नियुक्ति हेतु ऑफर लेटर वितरित किए गए। यह क्षण जिले के लिए गर्व का था, जब युवाओं के चेहरे पर आत्मविश्वास और खुशी साफ नजर आ रही थी।

युवाओं और कंपनियों ने खुले दिल से की प्रशंसा
जिला प्रशासन के इस अभिनव प्रयास की सराहना सिर्फ युवाओं ने ही नहीं, बल्कि कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी की। कई प्रतिनिधियों ने यह माना कि मंडला जैसे जिले में इतनी व्यवस्थित और परिणाम देने वाली भर्ती प्रक्रिया अपने आप में एक मिसाल है। वहीं मंत्री श्रीमती उईके ने इस आयोजन को “मील का पत्थर” बताते हुए कहा कि यह पहल युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

महा युवा संगम बना मॉडल- जिले में विकास और रोजगार का नया अध्याय
कलेक्टर श्री मिश्रा की इस पहल ने स्पष्ट कर दिया कि जब प्रशासन की सोच मजबूत हो, और उद्देश्य युवाओं का हित हो, तो परिणाम भी असाधारण निकलते हैं। महा युवा संगम रोजगार मेला अब जिले के लिए सिर्फ एक आयोजन नहीं, बल्कि रोजगार आधारित विकास मॉडल बन गया है, जो आने वाले समय में अन्य जिलों के लिए प्रेरणा बनेगा।

