मंडला, 10 फरवरी 2026
भारत शासन की मंशानुरूप राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के तहत् तथा
कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा के निर्देशन में राष्ट्रपिता महात्मा गाँधी जी की पुण्य
तिथि पर 30 जनवरी से 13 फरवरी तक स्पर्श कुष्ठ जागरूकता अभियान
आयोजित किया जा रहा है। जिला एवं ब्लॉक स्तर पर स्वास्थ्य केन्द्रों में, शालाओं
में प्रार्थना के समय अपील का वाचन तथा संकल्प दिलाया जायेगा। प्रत्येक ग्राम
सभाओं में ग्राम प्रमुख द्वारा अपील का वाचन व संकल्प उपस्थितजन को दिलाते
हुये प्रश्नों के उत्तर दिये जायेंगे। जिसमें कुष्ठ रोगियों का सम्मान करते हुये कुष्ठ
के प्रति जन समुदाय में व्याप्त अंधविश्वास, भ्रांतियों से अवगत् कराया जायेगा।
साथ ही शंकाओं से संबंधित प्रश्नों के उत्तर देकर संतुष्ट किया जायेगा।
इस अभियान का मुख्य उद्देश्य कुष्ठ के प्रति जागरूकता लाना है। जिससे
भय मुक्त हो सामान्यजन स्वयं ही आगे आकर अपनी शंकाओं का समाधान करें,
चूँकि जल्द ही जाँच कर पंजीकृत होने पर दवा की खुराक का समय भी कम होता
है अक्षमता व विकृति से बचा जा सकता है। इसके अतिरिक्त नये मरीजों के साथ
ही साथ पाँच वर्ष के पुराने मरीजों के आसपास के सदस्यों को पोस्ट एक्सपोजर
प्रोफाईलेक्सिस केप्सूल रिफाम्पिसिन खिलाई जाने की प्रक्रिया जारी है। अभियान में
आज दिनांक तक दो नये कुष्ठ रोगियों का पंजीकरण किया जाकर एमडीटी प्रारम्भ
की गई।
कुष्ठ रोग एक सामान्य बीमारी है जो मायकोबेक्टीरियम लेप्री नामक जीवाणु
से होती है। यह जीवाणु उन रोगियों के छींकने, खाँसने से ड्रापलेट्स के साथ
वातावरण में आता है। जिन्होंने एमडीटी का उपचार नहीं लिया है और स्वस्थ
मरीज के शरीर में श्वसन द्वारा प्रवेश करता है, ये उनके शरीर में वृद्धि करता है
जिनके शरीर में जीवाणु से लड़ने की क्षमता कम है या बिल्कुल नहीं है वे प्रभावित
होते हैं। 100 में 1 या 2 इसके प्रति संवेदनशील होते हैं यह आवश्यक नहीं है कि
इन्हें भी हो जाये। क्योंकि प्रत्येक व्यक्ति में इन जीवाणु से लड़कर इन्हें खत्म
करने की क्षमता होती है जिसे रोग प्रतिरोधात्मक क्षमता कहते हैं। यह एक
सामान्य बीमारी है इससे भयाक्रांत होने की आवश्यकता नहीं है। जिसे भी शंका हो
वे तुरंत ही अपनी शंकाओं का समाधान करें। हमारे जिले में श्री मनोज कुमार दुबे
एनएमएस, कार्यालय जिला कुष्ठ अधिकारी मण्डला में इस कार्य को सम्पादित कर
रहे हैं इनसे सम्पर्क किया जा सकता है इनका मो. नम्बर 9340501723 है।
प्रत्येक विकासखण्ड स्तर पर पीओडी केम्प (सेवा सह सरोकार शिविर) का
आयोजन सुनिश्चित किया गया है। जिसमें अक्षमता व विकृति वाले रोगियों को
जल तेल उपचार, व्यायाम, अक्षमता व विकृति पर रख-रखाव, तन अपना तो जतन
भी अपना तर्ज पर करवाना, समझाना। अपने शरीर के प्रति संवेदनशीन बनाना।
जिससे वे अपनी सुरक्षा स्वयं ही करते हुये जीवन की सामान्य धारा से जुड़कर
अपना जीवन यापन सहर्ष कर सकें। जिनके शरीर में अपनी त्वचा के रंग से हल्के,
गुलाबी, बदरंग एक या एक से अधिक शरीर के किसी भी भाग में दाग-धब्बे हों, इन
दागों में सुन्नपन होता है अर्थात स्पर्श, ठण्डा-गर्म का आभास नहीं होता, दर्द नहीं
होता, खुजली नहीं होती, तो तुरंत पास के स्वास्थ्य केन्द्र या आशा दीदी, एएनएम,
सीएचओ से सम्पर्क कर अपनी शंका का समाधान करवायें, जिला चिकित्सालय
मण्डला में भी कार्यालय जिला कुष्ठ अधिकारी में उपस्थित होकर शंका का
समाधान करवाया जा सकता है। जल्द उपचार होने पर अक्षमता व विकृति से
बचाव किया जा सकता है। इसका इलाज व जांच सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में मुफ्त
होता है। ध्यान रखें यह एक सामान्य बीमारी है जो एमडीटी उपचार से ठीक हो ही
जाती है।
