आकांक्षी विकासखंड नारायणगंज के पैरामीटर्स पर जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित
सीईओ जिला पंचायत ने विभागवार प्रगति का लिया जायजा, कमिश्नर भ्रमण को लेकर दिए निर्देश
मंडला, 4 जुलाई 2026
जिला योजना भवन में आकांक्षी विकासखंड नारायणगंज के समग्र विकास को लेकर जिला एवं विकासखंड स्तर के सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री शाश्वत सिंह मीना ने की।
बैठक में नीति आयोग द्वारा निर्धारित आकांक्षी विकासखंड के 5 मुख्य थीम एवं 49 पैरामीटर्स के आधार पर बिंदुवार समीक्षा की गई। इनमें स्वास्थ्य एवं पोषण, शिक्षा, कृषि एवं जल संसाधन, वित्तीय समावेशन व कौशल विकास, आधारभूत संरचना, शामिल हैं। सीईओ श्री मीना ने प्रत्येक विभाग से निर्धारित लक्ष्यों के विरुद्ध उपलब्धि, शेष कार्य एवं समय-सीमा की जानकारी ली। स्वास्थ्य केंद्रों में संस्थागत प्रसव, एनीमिया मुक्त भारत, 100 प्रतिशत टीकाकरण, स्कूलों में नामांकन एवं उपस्थिति, कृषि में फसल विविधीकरण, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, स्वयं सहायता समूहों से ऋण लिंकेज, पेयजल कनेक्शन, सड़क कनेक्टिविटी आदि पैरामीटर्स पर विशेष चर्चा हुई। सीईओ श्री मीना ने कृषि विभाग के पैरामीटर्स की समीक्षा के दौरान एसएडीओ नारायणगंज की अनुपस्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उप संचालक कृषि को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कमजोर प्रदर्शन वाले पैरामीटर्स पर संबंधित अधिकारियों को मिशन मोड में कार्य कर शीघ्र सुधार लाने के निर्देश दिए। सभी विभागों को डैशबोर्ड पर डेटा एंट्री समय पर अपडेट करने एवं फील्ड लेवल पर सत्यापन सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में आगामी सप्ताह में कमिश्नर जबलपुर के प्रस्तावित भ्रमण को लेकर भी आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। सीईओ ने कहा कि आकांक्षी ब्लॉक में हुए कार्यों की फील्ड विजिट के लिए सभी विभाग तैयारियां पूर्ण रखें तथा प्रगति रिपोर्ट अपडेटेड रखें।
बैठक में संबंधित विभागों के जिला अधिकारी, बीएमओ, बीईओ, बीपीओ, कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, महिला बाल विकास सहित विकासखंड स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
कड़कनाथ कुक्कुट पालन से चमकी कपूरिया दीदी की किस्मत, बनीं लखपति दीदी
आजीविका मिशन से मिला संबल, बदल रहा है ग्रामीण महिलाओं का कल
मंडला, 4 जुलाई 2026
कड़कनाथ कुक्कुट पालन योजना और आजीविका मिशन के संयुक्त प्रयास ग्रामीण अंचलों में महिलाओं को आर्थिक रूप से सुदृढ़ कर आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार कर रहे हैं।
मंडला जिले के विकासखंड बीजाडांडी अंतर्गत ग्राम बम्होरी की रहने वाली श्रीमती कपूरिया वरकड़े का जीवन कुछ समय पहले तक बेहद संघर्षपूर्ण था। आजीविका मिशन के स्व-सहायता समूह से जुड़ने से पूर्व उनकी आर्थिक स्थिति अत्यंत दयनीय थी। आय का कोई स्थाई साधन न होने के कारण उनके परिवार को अपनी बुनियादी आवश्यकताओं और जीविकोपार्जन के लिए गंभीर आर्थिक तंगहाली और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था।
बदलाव की शुरुआत: आजीविका मिशन का साथ
जीवन की इन कठिन परिस्थितियों के बीच, श्रीमती कपूरिया दीदी ने ज्योति आजीविका स्व-सहायता समूह की सदस्यता ग्रहण की। समूह से जुड़ने के बाद उन्होंने अपनी पारिवारिक स्थिति के बारे में समूह और शांति महिला आजीविका ग्राम संगठन की बैठक में चर्चा की।
उनकी लगन, ईमानदारी और सक्रियता को देखते हुए आजीविका मिशन द्वारा उन्हें ग्राम संगठन के माध्यम से कृषि उद्यमिता (कृषि उद्यमी मित्र) के रूप में चयनित किया गया। चयन के उपरांत, मिशन द्वारा उन्हें 35 दिनों का सघन एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया, जिसने उनके भीतर एक सफल उद्यमी बनने का आत्मविश्वास जगाया।
कड़कनाथ कुक्कुट पालन और वैज्ञानिक पद्धति
प्रशिक्षण से प्राप्त तकनीकी ज्ञान का लाभ उठाते हुए, कपूरिया दीदी ने आत्मनिर्भर बनने का दृढ़ संकल्प लिया। उन्होंने व्यवसाय शुरू करने के लिए समूह के माध्यम से दो चरणों में ऋण प्राप्त किया। प्रथम बार 50 हजार रूपए का ऋण, द्वितीय बार 90 हजार रूपए का ऋण, इस पूंजी से उन्होंने वैज्ञानिक पद्धति के आधार पर उन्नत स्तर का कड़कनाथ मुर्गी पालन कार्य प्रारंभ किया। शासन के मार्गदर्शन और समूह के वित्तीय व तकनीकी सहयोग से उनका यह व्यवसाय तेजी से फलने-फूलने लगा।
खुद बनीं आत्मनिर्भर, दूसरों को भी दिखाई राह
कपूरिया दीदी न केवल स्वयं आत्मनिर्भर बनीं, बल्कि उन्होंने समाज के प्रति भी अपनी जिम्मेदारी बखूबी निभाई। कृषि उद्यमी के रूप में कार्य करते हुए उन्होंने अपने ग्राम संगठन की अन्य समूह दीदियों को उन्नत कृषि और पशुपालन पद्धतियों पर प्रशिक्षण दिया। उनकी इस पहल से प्रेरित होकर गाँव की 8 से 10 अन्य दीदियों ने भी मुर्गी पालन का कार्य शुरू किया। जिससे उन परिवारों की आय में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई।
उपलब्धियाँ और वर्तमान स्थिति
कपूरिया दीदी कहती है कि वर्तमान मासिक आय 45 हजार रूपए से 48 हजार रूपए है। मध्यप्रदेश शासन की मंशानुसार मेरा चयन लखपति दीदी के रूप में हुआ। आज आर्थिक रूप से स्वावलंबी होने के बाद कपूरिया दीदी और उनका पूरा परिवार एक खुशहाल, समृद्ध और सम्मानजनक जीवन व्यतीत कर रहा है। उनकी यह कहानी ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और स्वरोजगार की एक अनुपम मिसाल है।
जिले में 4 जुलाई को 37.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई
मंडला, 4 जुलाई 2026
जिले में इस वर्ष 1 जून से 4 जुलाई 2026 के दौरान 150.4 मिमी. औसत वर्षा दर्ज की गई है जबकि इसी अवधि तक गत वर्ष 481.2 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई थी। इस प्रकार गत् वर्ष की तुलना में इस वर्ष 330.8 मिलीमीटर कम वर्षा दर्ज की गई है।
अधीक्षक भू-अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार 4 जुलाई 2026 को मंडला में 49.8 मि.मी., नैनपुर में 27.6 मि.मी. एवं बिछिया में 25.4 मि.मी., निवास में 33 मि.मी. एवं घुघरी में 77.1 मि.मी. एवं नारायणगंज में 14.6 मि.मी. वर्षा दर्ज की गई। इस प्रकार जिले में 4 जुलाई 2026 को 37.9 मिमी. औसत वर्षा दर्ज की गई है।
कम उपस्थिति पर जिला शिक्षा अधिकारी सख्त, प्राचार्यों को दिए आवश्यक निर्देश
मंडला, 4 जुलाई 2026
जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती मुन्नी वरकड़े ने नारायणगंज विकासखंड के अंतर्गत शासकीय एकीकृत बालक हाई स्कूल नारायणगंज, कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास नारायणगंज तथा शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल मंगलगंज का आकस्मिक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान विद्यालयों में विद्यार्थियों की उपस्थिति अपेक्षाकृत कम पाई गई। इस पर जिला शिक्षा अधिकारी ने संबंधित प्राचार्यों को शत-प्रतिशत विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही विद्यालयों में नामांकन की प्रगति की समीक्षा करते हुए प्रत्येक छात्र की ’’अपार आईडी’’ समय-सीमा में तैयार कराने के लिए कहा।
उन्होंने ’’राष्ट्रीय मीन्स-कम-मेधावी छात्रवृत्ति’’ परीक्षा की तैयारियों पर विशेष ध्यान देने तथा ’’दिव्यांग विद्यार्थियों की छात्रवृत्ति’’ के लिए ’’एनएसपी पोर्टल’’ पर पात्र विद्यार्थियों का शीघ्र पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
जिला शिक्षा अधिकारी ने कहा कि शासन की सभी शैक्षणिक एवं छात्रहितैषी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र विद्यार्थी तक समय पर पहुंचना चाहिए। उन्होंने विद्यालय प्रमुखों को नियमित मॉनिटरिंग करते हुए सभी आवश्यक शैक्षणिक एवं प्रशासनिक कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए।
तीन दिवसीय प्रवेश उत्सव एवं दीक्षारंभ कार्यक्रम का हुआ आयोजन
मंडला, 4 जुलाई 2026
शासकीय महाविद्यालय अंजनिया में नवप्रवेशी विद्यार्थियों के लिए 1 से 3 जुलाई तक तीन दिवसीय दीक्षारंभ एवं मानसिक संवर्धन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को महाविद्यालयीन वातावरण से परिचित कराना तथा उनके व्यक्तित्व विकास एवं शैक्षणिक मार्गदर्शन प्रदान करना रहा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य ’’डॉ. नवीन कुमार हरदहा’’ ने कहा कि महाविद्यालय विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण और भविष्य संवारने का महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने विद्यार्थियों से शिक्षा के साथ-साथ विभिन्न गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर ’’डॉ. विजय मोर्य’’ ने परियोजना कार्य, इंटर्नशिप तथा शासन द्वारा संचालित विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं की जानकारी दी। ’’डॉ. प्रशांत यादव’’ ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय की खेलकूद गतिविधियों से अवगत कराया। वहीं ’’डॉ. घनश्याम प्रसाद झारिया’’ ने बी.ए. प्रथम वर्ष के मेजर, माइनर एवं एमडीसी पाठ्यक्रमों की विस्तृत जानकारी साझा की। ’’डॉ. गरिमा छावड़ा’’ ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय के पुस्तकालय एवं उसकी सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्रदान की।
तीन दिवसीय कार्यक्रम के माध्यम से नवप्रवेशी विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक, सह-शैक्षणिक एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं से परिचित कराया गया, जिससे वे अपने उच्च शिक्षा जीवन की बेहतर शुरुआत कर सकें।
