मण्डला 28 मई 2021
कलेक्टर हर्षिका सिंह ने जिले में कोविड वैक्सीनेशन को प्रभावी बनाने के लिए अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। जारी आदेश में उन्होंने अलग-अलग विभागों को दायित्व सौंपें हैं। जारी आदेश में कहा गया है कि सहायक कलेक्टर एवं सहायक आयुक्त आदिवासी विकास विभाग के माध्यम से लोकल गौंड़ी भाषा में प्रचार-प्रसार हेतु लोकगीत, स्लोगन एवं अन्य आई.सी. मटेरियल तैयार करेंगे। सीएमएचओ द्वारा वेक्सीनेशन को लेकर सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्न अथवा एचएक्यू तैयार कराएंगे तथा प्रत्येक वि०ख० में उक्त सामग्री उपलब्ध कराया जाएगा। सभी सीईओ जनपद पंचायत एवं सीएमओ के माध्यम से कोविड वेक्सीनेशन के लिए प्रचार वाहनों को तैयार कराकर विधिवत रूट चार्ट तैयार कर प्रत्येक पंचायत में इनका भ्रमण कराया जाएं तथा सभी एसडीएम तहसीलदार अपने-अपने क्षेत्रों में उक्त संबंध में मुनादी कराएं। सभी एसडीएम तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम स्तरीय क्राइसिंस मैनेजमेंट समिति से संपर्क कर वेक्सीनेशन के मोबलाइजेशन हेतु आवश्यक सहयोग लेना सुनिश्चित करेंगे। सभी सीएमओ अपने अपने क्षेत्र की कचरा गाड़ियों में वेक्सीनेशन के संबंध में प्रचार प्रसार कराएं एवं लोकगीत बजवाएं। सभी एसडीएम ब्लॉक स्तरीय क्राइसिस मैनेजमेंट समिति के सदस्यों के साथ वेक्सीनेशन को लेकर आगामी दो दिवस में बैठक सुनिश्चित कर प्रत्येक ब्लॉक हेतु अपनी कार्ययोजना तैयार करेंगे। महिला एवं बाल विकास तथा एनआरएलएम के माध्यम से पंचायतों में दीवार लेखन एवं समझाइश आदि का कार्य सुनिश्चित करेंगे। स्कूल शिक्षा विभाग के माध्यम से सभी स्कूलों के प्रचार्य एवं शिक्षकगण तथा हायर सैकेण्डी स्कूलों के पढ़ने वाले सभी 18 वर्ष से अधिक उम्र के बच्चों को वेक्सीनेशन हेतु प्रेरित करेंगे। स्कूल शिक्षा विभाग उक्त थीम पर बच्चों के साथ वर्चुअल अथवा ऑनलाइन के माध्यम से विभिन्न प्रकार की प्रतियोगिताएं संचालित करें ताकि उनके परिवारजन भी वेक्सीनेशन हेतु प्रेरित हो सकें। प्रत्येक अनुविभाग स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि समाज के सभी वर्ग एवं आयु के लोगों साथ चर्चा कर उनकी सहभागिता के साथ वेक्सीनेशन हेतु कार्ययोजना तैयार करें।
सहायक आयुक्त आदिवासी विभाग, अपर कलेक्टर मण्डला अति०मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत मण्डला आपस में सामंजस्य स्थापित कर जिले के विभिन्न आदिवासी संगठनों तथा बैगा समाज के प्रतिनिधियों से संपर्क कर उक्त कार्य हेतु प्रेरित करने का कार्य करेंगे। मनरेगा के सभी क्लस्टर पंचायतों पर जिला अथवा ब्लाक स्तर के नियुक्त किए गए अधिकारी एवं कर्मचारी द्वारा सघन प्रयास अन्तर्गत उनके क्षेत्र अन्तर्गत 18 वर्ष से अधिक उम्र के सभी व्यक्ति की सूची का संधारण पंचायतवार करेंगे। उक्त सूची के अनुसार ही पंचायत स्तर पर क्राईसिस मैनेजमेंट समिति के सदस्यों के बीच मैन-टू-मैन मैपिंग कर यह कोशिश करें कि उस क्षेत्र के 18 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्तियों का शतप्रतिशत टीकारण किया जाये। सभी प्रभारी अधिकारी अपने क्षेत्र में आयोजित वेक्सीनेशन सेशन प्वाईंट पर प्रतिदिन भ्रमण कर वेक्सीनेशन की मॉनीटरिंग करना सुनिश्चित करेंगे तथा ऐसे सभी सेशन प्वाइंट पर सभी 18 प्लस लोगों को वेक्सीनेशन सेंटर पर मोबलाइजेशन किया जाना सुनिश्चित करेंगे। जिला कृषि अधिकारी, एआरसीएस, जीएम सीसीबी के द्वारा जिले के किसानों के बीच वेक्सीनेशन के संबंध में विभिन्न प्रकार के आइसी ऐक्टिविटी का संपादन कराना सुनिश्चित करेंगे।
अपर कलेक्टर तथा अति०मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत यह सुनिश्चित करें कि एवं नगरीय निकाय क्षेत्रों में जिला निर्वाचन शाखा से क्षेत्रवार 18 वर्ष से अधिक उम्र वाले व्यक्तियों की सूची संधारित कराकर संबंधित पंचायतों एवं क्षेत्रों के सीईओ जनपद पंचायत एवं सीएमओ नगरपालिका को उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे। प्रत्येक पंचायत में 18 से लेकर 44 उम्र तक एवं 45 प्लस की उम्र वाले व्यक्तियों की सूची संधारित करें तथा वेक्सीनेशन रजिस्टर पर वेक्सीनेशन से संबंधित समस्त जानकारी भी संधारित करें। जिला पंचायत स्तर से समस्त पंचायतों का तीन श्रेणियों में वर्गीकरण किया जाये जिनमें 18 से 44 वर्ष के व्यक्तियों के संबंध में 10 से 20 प्रतिशत वाली, 20 से 50 प्रतिशत वाली तथा 50प्रतिशत से अधिक की पंचायतें शामिल हैं। इसी प्रकार 45 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्तियों के संबंध में 10 से 20 प्रतिशत वाली, 20 – 50 प्रतिशत वाली तथा 50प्रतिशत से अधिक वाली पंचायतें शामिल हैं। जिला पंचायत स्तर से प्रत्येक ब्लाक में सर्वाधिक वेक्सीनेशन वाली प्रथम 10 पंचायतों का चयन कर सुरक्षित ग्राम पंचायत हेतु वहां की क्राइसिस मैनेजमेंट समिति को सम्मानित किया जाये।
