प्रति,
महामहिम राज्यपाल महोदय,
मध्यप्रदेश शासन, राजभवन भोपाल मप्र ।
द्वारास
कलेक्टर महोदय, जिला मण्डला
विषय:
बैकलॉक के रिक्त पदों की पूर्ति करने बावत्।
महोदय,
दिनांक 30/04/2016 की स्थिति में शासन के अधीनस्थ विभिन्न विभागों में अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़े वर्गों के 103458 बैकलॉग पद रिक्त हैं जिसके संबंध में शासन द्वारा माननीय सर्वोच्च न्यायालय में दस्तावेज प्रस्तुत किये
गये हैं।
महोदय आप एवं माननीय मुख्य मंत्री जी मध्यप्रदेश को उत्कृष्ट राज्य बनाकर प्रथम पंक्ति में लाने का प्रयास कर रहे हैं। मध्यप्रदेश में अनुसूचित जाति एवं जनजाति की जनसंख्या लगभग 40 प्रतिशत है। इन वर्गों के विकास के बिना मध्यप्रदेश का सर्वांगीण विकास संभव नहीं है माननीय की संवेदनशीलता हमेशा से इन वर्गों के प्रति सकारात्मक रही है। माननीय मुख्य मंत्री जी ने इंदौर में बिरसा मुंडा जयंती कार्यक्रम पर घोषणा की थी कि शीघ्र ही बैकलाग की पूर्ति की जायेगी। साथ ही अजावस के प्रांतीय अधिवेशन दिनांक 13 दिसंबर 2015 ग्वालियर में एवं 12 जून 2016 भोपाल में भी घोषणा की थी कि ‘बैकलॉक पदों की पूर्ति युद्धस्तर पर की जावेगी।” किंतु शासन द्वारा आज दिनांक तक वैकलाग के रिक्त पदों की पूर्ति नहीं की जा सकी है।
कृपया अवगत होना चाहेंगे कि कुछ वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा आपकी सरकार को बदनाम करने के लिए इसमें बाधा पहुंचायी जा रही है जिसके कारण आरक्षित वर्ग के बेरोजगार युवाओं में असंतोष व आक्रोष व्यास है।
अतः माननीय मुख्य मंत्री जी द्वारा की गई घोषणा एवं बैकलाग की पूर्ति के संबंध में संघ आपसे विनम्र निवेदन करता है। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़े वर्गों के रिक्त बैकलॉग पदों की भर्ती हेतु नियुक्तिकर्ता अधिकारी को निर्देशित किया जाये कि वे एक माह के अंदर विज्ञापन जारी कर, प्राप्त आवेदनों का एक सप्ताह में परीक्षण कर मेरिट के आधार पर नियुक्ति हेतु आदेश जारी करें। इससे शासन की छवि पर सकारात्मक प्रभाव होगा साथ ही उक्त निर्णय मील का पत्थर साबित होकर अनुसूचित जाति/जनजाति के विकास के साथ-साथ मध्यप्रदेश के सर्वांगीण विकास एवं उत्कृष्ट राज्य बनाने में सहायक सिद्ध होगा। संघ आपका सदैव आभारी रहेगा।
