Reva India News
ब्रेकिंग न्यूज़मंडला हमारा जिला

रेवा इंडिया न्यूज़ मुख्य समाचार मण्डला 7 मई 2022

शिक्षा एवं नशामुक्ति जनजातीय समाज के विकास के लिए आवश्यक – श्री पटेल

राज्यपाल ने किया आदि उत्सव का शुभारंभ

 

मण्डला 7 मई 2022

केंद्र और राज्य की सरकारों ने जनजातीय वर्ग के विकास के लिए बेहतर कार्य किया है। जनजातीय वर्ग की उन्नति के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार सहित अन्य क्षेत्र में कल्याणकारी योजनाएं प्रारंभ की है। वहीं रोजगार, स्वरोजगार, आवास, बिजली आपूर्ति जैसी प्राथमिक आवश्यकता से जुड़ी योजनाओं में जनजातीय वर्ग को प्राथमिकता दिए जाने से उनके जीवन स्तर में बड़ा बदलाव आया है। यह बात महामहिम राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल ने रामनगर में आयोजित आदि उत्सव के शुभारंभ अवसर पर कही। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री आवास योजना से जनजातीय वर्गों के पक्के आवास बन रहे हैं, उजाला योजना से उनके घरों में बिजली है तथा माताओं एवं बहनों को प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से मिले गैस कनेक्शन के माध्यम से चूल्हे के धुएं से छुटकारा मिला है।

राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि जनजातीय समुदाय प्रकृति के सच्चे सपूत और मातृभूमि के गौरव हैं। उन्होंने मंच से आदिवासी जन नायकों बिरसामुण्डा, टंट्याभील, गौंड़ राजाओं तथा स्वतंत्रता सेनानियों एवं उनके पूर्वजों के बारे में जिक्र किया और कहा कि आज आदिवासी वर्गों को समाज में आगे लाने के लिए बेटा-बेटी की अनिवार्य शिक्षा की ओर ध्यान देने की आवश्यकता है जिससे वह समाज की मुख्य धारा से जुड़कर राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान दे सकें। आदिवासी समाज को शिक्षित होने के साथ-साथ सभी तरह के नशे का त्याग कर अपने परिवार व समाज को आगे बढ़ाना होगा। राज्यपाल श्री पटेल ने सिवनी जिले में हुई घटना पर दुःख व्यक्त कर मृत आदिवासियों को श्रद्धांजली दी तथा शोक संवेदना व्यक्त की।

 

कार्यक्रम के भव्य आयोजन की सराहना

 

राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल ने जनजातीय परंपरा को सहेजने को लेकर मंडला जिले में प्रतिवर्ष आयोजित किए जा रहे आदि उत्सव कार्यक्रम के भव्य आयोजन को लेकर केन्द्रीय इस्पात एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री श्री कुलस्ते तथा जिला प्रशासन के प्रयासों की सराहना की। साथ ही कहा कि आदिवासी संस्कृति तथा परंपरा के प्रचार-प्रसार के लिए किया जा रहा आदि उत्सव अपने आप में अनुपम एवं अनुकरणीय पहल है। कार्यक्रम के अंत में राज्यपाल श्री पटेल को जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा प्रतीक चिन्ह भेंट किए गए। इसी प्रकार श्री पटेल ने देश-प्रदेश से आए जनजातीय विशिष्टजनों एवं लोक कलाकारों से भेंट की तथा आदि उत्सव स्मारिका पुस्तिका का भी विमोचन किया।

 

जनजातीय समाज अपने इतिहास पर गर्व करें – श्री मुण्डा

 

आदि उत्सव के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केन्द्रीय जनजातीय मंत्री श्री अर्जुन मुण्डा ने कहा कि हमें गोंडवाना के गौरवशाली इतिहास, अपनी संस्कृति और अपने पूर्वजों के बलिदानों पर गर्व होना चाहिये। हमारे पूर्वजों ने अपनी संस्कृति, मिट्टी और अपने स्वाभिमान की रक्षा के लिए अपने प्राणों को न्यौछावर कर दिया है। हमें पूर्वजों के उन्ही बलिदानों से प्रेरणा लेकर समाज में व्याप्त कुरीतियों, अशिक्षा और गरीबी को दूर करने तथा अपनी गौरवशाली संस्कृति की रक्षा का संकल्प लेकर कार्य करने की आवश्यकता है।

केंद्रीय राज्यमंत्री श्री फग्गन सिंह कुलस्ते ने अपने स्वागत उद्बोधन में गोंडवाना साम्राज्य के गौरवशाली इतिहास तथा आदि उत्सव कार्यक्रम के उद्देश्य के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विभिन्न राज्यों से आए जनजातीय प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि, लोक कलाकारों तथा उपस्थित आमजनों का स्वागत किया। जनजातीय कार्य एवं अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री सुश्री मीना सिंह ने अपने उद्बोधन में प्रदेश शासन द्वारा जनजातीय विकास के लिए चलाई जा रही शिक्षा, स्वास्थ्य एवं अन्य कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जनजातीय वर्ग को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने एवं उनके विकास के लिए कृतसंकल्पित है। सुश्री सिंह ने देश-प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से आदि उत्सव में शामिल हुए जनजातीय समुदाय के प्रतिनिधियों से अपनी संस्कृति एवं परम्पराओं को सहेजने और अक्षुण्ण बनाये रखने की बात कही। आदि उत्सव शुभारंभ कार्यक्रम में शामिल हुए पशुपालन एवं सामाजिक न्याय मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल ने कहा कि जनजातीय लोक संस्कृति एवं उनकी परंपराओं को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए आदि उत्सव जैसे कार्यक्रम महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने आदि उत्सव कार्यक्रम का विगत 5 वर्षों से सफल आयोजन करने पर केन्द्रीय मंत्री श्री कुलस्ते की सराहना की।

प्रदेश शासन के खाद्य आपूर्ति, उपभोक्ता संरक्षण एवं मंडला जिले के प्रभारी मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह ने कहा कि गोंडवाना साम्राज्य का लगभग 1400 वर्षों का अपना गौरवशाली इतिहास रहा है। उन्होंने कहा कि आदिवासी समुदाय सीधे रूप से प्रकृति से जुड़े हैं इनकी संस्कृति और परम्परायें अन्य समुदाय से अलग हैं। श्री सिंह ने मध्यप्रदेश के जनजातीय परिदृश्य, भौगोलिक वितरण तथा प्रशासकीय व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने रामनगर की भूमि को सभी आदिजनों के लिए पवित्र एवं ऐतिहासिक बताया।

 

शुभारंभ कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित

 

आदि उत्सव के 7 मई को हुए शुभारंभ कार्यक्रम में केन्द्रीय जनजातीय मंत्री श्री अर्जुन मुण्डा, केन्द्रीय इस्पात एवं ग्रामीण विकास राज्यमंत्री श्री फग्गन सिंह कुलस्ते, प्रदेश शासन के खाद्य मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह, जनजातीय कार्य विभाग मंत्री सुश्री मीना सिंह, पशुपालन एवं सामाजिक न्याय मंत्री प्रेमसिंह पटेल, राज्यसभा सांसद श्रीमती संपतिया उइके, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सरस्वती मरावी, विधायक देवसिंह सैयाम, विधायक जयसिंह मरावी, भीष्म द्विवेदी, पूर्व विधायक शिवराज शाह, मध्यप्रदेश एवं भारत के अलग-अलग जनजातीय राजघरानों के प्रतिनिधि, जनजातीय संघों के प्रतिनिधि, राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर प्रतिनिधि, अलग-अलग राज्यों से आए लोक कलाकार एवं बड़ी संख्या में जनजातीय समुदाय तथा आमजन उपस्थित थे। राज्यसभा सांसद संपतिया उईके ने आदि उत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए महामहिम सहित सभी अतिथियों को हृदय से आभार व्यक्त किया।

 

लोक कलाकारों की प्रस्तुति ने बिखेरी छटा

 

आदि उत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम में जम्मू कश्मीर, पंजाब, असम, त्रिपुरा, उड़ीसा सहित देश-प्रदेश और स्थानीय कलाकारों द्वारा सामूहिक रूप से जनजाति वादन तथा नृत्य दलों ने लोक कला का प्रदर्शन किया। महामहिम राज्यपाल के समक्ष पारम्परिक वादन यंत्र ढोल, शहनाई, मांदर, गुदुम, नगाड़े की थाप पर कदम ताल से जनजातीय कलाकारों ने अपनी लोककला की छटा बिखेरी।

 

सिकल सेल कैम्प का किया निरीक्षण

 

राज्यपाल श्री पटेल ने अपने संबोधन में प्रदेश एवं केन्द्र सरकार द्वारा जनजातीय वर्ग में पाए जाने वाले सिकल सेल एनीमिया के इलाज के लिए बनाई गई योजना की मंच से जानकारी दी। उन्होंने उपस्थितजनों को विवाह पूर्व लड़के एवं लड़कियों की सिकल सेल की जांच करने की सलाह दी। श्री पटेल ने मुख्य समारोह स्थल में सिकल सेल एनीमिया की जांच के लिए डॉ. धर्मेन्द्र के नेतृत्व में लगाए गए शिविर का निरीक्षण किया।

 

इनका हुआ सम्मान

 

राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल एवं अतिथियों ने मंच से जनजातीय कलाकार एवं पद्मश्री से सम्मानित अर्जुन धुर्वे, जनजातीय चित्रकला से जुड़े आशीष कछवाहा, राष्ट्रीय तलवारबाज खिलाड़ी कु. अंजली मरावी, नेटबॉल की राष्ट्रीय स्तर की खिलाड़ी कु. शीतलशाह, आदिवासी भाषा शैली लेखन व शोध कार्य से जुड़े के.एल. मित्रा, जनजातीय समाज के उत्थान से जुड़े बी.एस. परतेती तथा जगजीवन राम को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।

 

जनजातीय, सामाजिक एवं धार्मिक गुरूओं से हुई चर्चा

 

राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल ने आदि उत्सव कार्यक्रम के पश्चात मंडला एवं आसपास के जिलों के जनजातीय, सामाजिक एवं धार्मिक गुरूओं तथा पंडाओं से आत्मीय चर्चा की। उन्होंने चर्चा के दौरान जनजातीय समस्याओं, विकास एवं अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर बात की।

 

 

 

 

 

राज्यपाल श्री पटेल ने किया ध्वज स्मारक का पूजन एवं वन्दन

 

मण्डला 7 मई 2022

महामहिम राज्यपाल श्री मंगू भाई पटेल एवं केंद्रीय मंत्री श्री अर्जुन मुंडा रामनगर में आयोजित आदि उत्सव कार्यक्रम के शुभारंभ के पूर्व गोंडवाना साम्राज्य के प्रतीक ध्वज स्मारक के पूजन कार्यक्रम में भाग लिया। इस दौरान जनजातीय धर्मगुरुओं ने परंपरागत पूजन किया। इसके पश्चात महामहिम ने गोंडवाना साम्राज्य के गौरव प्रतीक ध्वज का अनावरण किया तथा ध्वज को वंदन किया। इस अवसर पर विधायक देवसिंह सैयाम, पूर्व विधायक रामप्यारे कुलस्ते, स्थानीय जनप्रतिनिधि, कलेक्टर हर्षिका सिंह, पुलिस अधीक्षक यशपाल सिंह राजपूत, जिला पंचायत सीईओ रानी बाटड, एसीईओ श्री मरावी उपस्थित थे। राज्यपाल श्री पटेल के ध्वज स्थल पर आगमन के दौरान स्थानीय कलाकारों ने परंपरागत वाद्य यंत्रों एवं लोक संगीत के साथ राज्यपाल की अगवानी की तथा उनके स्वागत में लोक नृत्य की आकर्षक प्रस्तुति भी दी।

 

 

 

 

 

राज्यपाल ने किया विभागों के स्टॉलों का फीता काटकर शुभारंभ

 

मण्डला 7 मई 2022

महामहिम राज्यपाल मध्यप्रदेश शासन श्री मंगू भाई पटेल 7 मई को आदि उत्सव के शुभारंभ कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम में शामिल होने के पूर्व श्री पटेल ने जिला प्रशासन के अलग-अलग विभागों द्वारा जन कल्याणकारी योजनाओं एवं उनके कार्यों पर आधारित प्रदर्शनी एवं स्टॉलों का फीता काटकर शुभारंभ किया। उन्होंने स्टॉल्स का अवलोकन करते हुए कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी भी प्राप्त की। इस दौरान केन्द्रीय मंत्री श्री अर्जुन मुण्डा एवं श्री फग्गन सिंह कुलस्ते सहित अतिथियों ने अलग-अलग स्टॉल का फीता काटकर शुभारंभ किया। इस अवसर पर मंडला जिले के प्रभारी मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह, पशुपालन एवं सामाजिक न्याय मंत्री प्रेमसिंह पटेल, जनजाति कार्य एवं अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री मध्यप्रदेश शासन मीना सिंह मांडवे, राज्यसभा सांसद संपतिया उइके, जिला पंचायत अध्यक्ष सरस्वती मरावी, विधायक देवसिंह सैयाम, पूर्व विधायक शिवराज शाह, भीष्म द्विवेदी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष शेलेष मिश्रा, स्थानीय जनप्रतिनिधिगण, विभिन्न राज्यों से आए गणमान्य नागरिक, वरिष्ठ अधिकारी तथा संबंधित उपस्थित थे।

 

 

 

 

 

महामहिम को दिया गया गार्ड ऑफ ऑनर

 

मण्डला 7 मई 2022

महामहिम राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल 7 एवं 8 मई को मंडला प्रवास पर हैं। श्री पटेल ने 7 मई को अपने निर्धारित कार्यक्रम के तहत आदि उत्सव कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके पूर्व महामहिम राज्यपाल को जिला प्रशासन द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस अवसर पर कलेक्टर हर्षिका सिंह, पुलिस अधीक्षक यशपाल सिंह राजपूत एवं संबंधित उपस्थित थे।

 

 

 

 

 

राज्यपाल श्री पटेल और केन्द्रीय जनजातीय मंत्री श्री मुण्डा के आगमन पर हुआ आत्मीय स्वागत

 

मण्डला 7 मई 2022

महामहिम राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल और केन्द्रीय जनजातीय मंत्री श्री अर्जुन मुण्डा का आदि उत्सव कार्यक्रम में शामिल होने के लिए रामनगर में स्थित हेलीपेड में शनिवार को लगभग 11:30 बजे आगमन हुआ। राज्यपाल श्री पटेल और केन्द्रीय मंत्री श्री मुण्डा के आगमन पर हेलीपेड में उनका पुष्पगुच्छ देकर स्वागत किया गया। इस अवसर पर प्रदेश शासन के खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण व जिले के प्रभारी मंत्री श्री बिसाहूलाल सिंह, जनजातीय कार्य विभाग मंत्री सुश्री मीना सिंह, कमिश्नर जबलपुर श्री बी.चंद्रशेखर, एडीजीपी श्री आशुतोष राय, कलेक्टर श्रीमती हर्षिका सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री यशपाल सिंह राजपूत, अपर कलेक्टर श्रीमती मीना मसराम, भीष्म द्विवेदी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष शैलेष मिश्रा सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारीगण मौजूद थे। राज्यपाल श्री मंगूभाई पटेल और केन्द्रीय मंत्री श्री अर्जुन मुण्डा इसके बाद कार से रामनगर कार्यक्रम स्थल की ओर रवाना हुए।

 

 

 

 

 

श्रवण बाधित दिव्यांगजनों के लिए 9 मई को लगेगा शिविर

 

मण्डला 7 मई 2022

सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक से प्राप्त जानकारी के अनुसार श्रवण बाधित दिव्यांगजनों की जांच एवं प्रमाण पत्र के लिए डॉ. अमित अग्रवाल, पीजीएमओ, ईएनटी, सिविल अस्पताल रांझी, जिला जबलपुर 9 मई 2022 को जिला चिकित्सालय मण्डला में अपनी सेवाएं देंगे।

प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले के ऐसे श्रवण बाधित दिव्यांगजन जिनके प्रमाण पत्र की वैधता समाप्त हो गयी है, जिनके प्रमाण पत्र का नवीनीकरण किया जाना है, अथवा नवीन प्रमाण पत्र बनाये जाने है, वे आवश्यक दस्तावेज जिसमें आधार कार्ड, समग्र आई.डी. की छायाप्रति, दो फोटो, पुराना प्रमाण पत्र यदि उपलब्ध हो तो के साथ जिला चिकित्सालय मण्डला में 9 मई 2022 को उपस्थित होकर शिविर का लाभ उठा सकते हैं।

 

 

 

 

 

 

 

8 मई को सभी ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में मनाया जाएगा लाड़ली लक्ष्मी उत्सव कार्यक्रम के लिए दिशा-निर्देश जारी

 

मण्डला 7 मई 2022

लाड़ली लक्ष्मी उत्सव का राज्य स्तरीय कार्यक्रम 8 मई 2022 को भोपाल के लाल परेड ग्राउन्ड में सायं 6:30 बजे से किया जायेगा। मुख्यमंत्री श्री चौहान कार्यक्रम में सांय 7 बजे मंचासीन होंगे। कार्यक्रम के संबंध में शासन स्तर से दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जारी निर्देशों के तहत 8 मई 2022 के पूर्व सभी ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्थानीय परंपरा अनुसार सभी लाड़ली परिवारों को आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं अन्य विभागों के मैदानी अमलों द्वारा आमंत्रित किया जाए। ग्राम पंचायत एवं शहरी जोनल, वार्ड के स्थानीय कार्यक्रमों में स्थानीय व्यक्ति, महिला जिन्होने समाज में व्यापक बदलाव का कार्य किया हो उनका 8 से 10 मीनिट का उद्बोधन रखा जाए। ग्राम पंचायत के अलावा संबंधित ग्रामों में भी कार्यक्रम का आयोजन किया जाये ताकि लाड़ली लक्ष्मियों को अधिक दूरी न तय करना पड़े। जिला, ग्राम पंचायत एवं वार्ड स्तर के कार्यक्रमों में सायं 6:30 से 7 बजे तक गतिविधियों का आयोजन किया जाए। कार्यक्रम स्थल पर लाड़ली लक्ष्मियां अभिभावकों सहित एक साथ एक रैली के रूप में स्थानीय वाद्य यंत्रों की संगीतमय प्रस्तुति के साथ लाया जाए। सबका तिलक लगाकर स्वागत किया जाए। रैली के दौरान स्थानीय समूहों द्वारा लाड़लियों एंव उनके अभिभावकों पर यथासंभव पुष्पवर्षा की जाए। जिला स्तर के कार्यक्रमों के पूर्व तीन लाड़ली लक्ष्मियों का कन्या पूजन किया जाए। दीप प्रज्जवलन भी किया जाए।

राज्य स्तर से प्रसारित होने वाले मुख्यमंत्री के राज्य स्तरीय लाड़ली लक्ष्मी उत्सव का आयोजन को सीधे प्रसारण की पर्याप्त व्यवस्था किया जाये जिसमें शतप्रतिशत लाड़लियों की भागीदारी उनके परिवार के साथ सुनिश्चित की जा सके। उक्त आयोजनों में सभी विभागों के मैदानी अमले को भी अनिवार्य रूप से जोड़ा जाए। लाड़ली लक्ष्मी उत्सव में व्यापक जनभागीदारी एवं शतप्रतिशत लाडलियों एवं उनके परिवारों को जोड़ने हेतु प्रत्येक स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित किया जाए जिसमें रेलवे स्टेशन, बस स्टेंड, स्थानीय हाट बाजार आदि स्थलों पर लाड़ली गीतों को बजाया जाये साथ ही सोशल मीडिया के सभी प्लेटफॉर्म पर संदेशों को प्रसारित किया जाए। राज्य स्तर से प्रसारित होर्डिग प्रोटोटाईप अनुसार प्रत्येक स्तर पर होर्डिग लगाया जाए। साथ ही वॉल राईटिंग को प्रत्येक स्तर पर कराया जाए। छोटे शहरों अथवा नगर पंचायतों में सुविधानुसार एक या दो स्थानों पर तथा बड़े महानगरों में वार्ड, जोन स्तर पर सुविधानुसार ऐसे परिसर का चयन किया जाए जहां स्क्रीन लगाकर बैठक व्यवस्था की जा सके यथा महाविद्यालय, स्कूल, सामुदायिक भवन, विभिन्न समाजों के धर्मशाला आदि।

राज्य स्तरीय लाड़ली लक्ष्मी उत्सव को व्यापक रूप देने के लिये सभी जनप्रतिनिधियों, जन अभियान परिषद की प्रस्फुटन समितियों, अंत्योदय समितियों, महिला स्वसहायता समूहों, स्वच्छता दूतों, किसान मित्र, सहयोगिनी मातृ समितियों, शौर्यादल के सदस्यों, स्वयंसेवी संगठनों तथा डेवलमेंट पार्टनर्स का प्रत्येक स्तर पर सकीय भागीदारी सुनिश्चित किया जाए। शहरी क्षेत्रों में स्वच्छता वाहनों पर जनसंपर्क विभाग द्वारा उपलब्ध कराये जा रहे लाड़ली महिमा गान को लगातार बजाया जाए। ग्रामीण क्षेत्रों में कोटवारों के माध्यम से डोडी पिटवाई जाये साथ ही भजन मंडलियों द्वारा किये जाने वाली प्रभात फेरियों में भी लाड़ली महिमा गान गाया जाने के संबंध में व्यवस्थायें की जाए। राज्य से जारी लाड़ली लक्ष्मी पर आधारित गीत का उपयोग सभी कार्यक्रमों में किया जाए। स्थानीय स्तर पर कार्यक्रम के सम्मानीय अतिथि सभी लाड़लियों एवं उनके अभिभावकों को स्थानीय सहयोग से प्रसाद, लड्डू, मिठाई, स्वल्पाहार वितरण किया जाए। प्रत्येक स्तर पर कार्यक्रम आयोजन उपरांत कार्यक्रम की सक्षिप्त प्रतिवेदन एवं फोटोग्राफ महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा पृथक से उपलब्ध कराये गये गुगल फॉर्म लिंक पर प्रविष्ट कराया जाए। कार्यक्रम स्थल पर बैठने एवं पेयजल की समुचित व्यवस्था की जाए। अतः उक्तानुसार आपके नेतृत्व में जिले में प्रत्येक स्तर पर कार्यक्रम का समारोहपूर्ण आयोजन किया जाकर प्रदेश की लाड़लियों एवं उनके अभिभावकों को सम्मानित करने तथा लाडलियों के उज्जवल भविष्य की दिशा में सार्थक पहल करें।

 

 

 

 

 

डेंगू से बचाव के लिए 9 से मनाया जाएगा जागरूकता पखवाड़ा

 

मण्डला 7 मई 2022

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी से प्राप्त जानकारी के अनुसार 16 मई 2022 को ’’राष्ट्रीय डेंगू दिवस’’ मनाया जाएगा तथा 9 मई 2022 से 23 मई 2022 की अवधि को डेंगू बीमारी से बचाव के लिए जनजागरुकता पखवाड़ा के रुप में मनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 16 मई को राष्ट्रीय डेंगू दिवस के रूप में मनाया जाता है आने वाले समय में वाहक जनित रोग जैसे की डेंगू, मलेरिया, रोग का संक्रमण काल शुरू होने वाला है जिसमें डेंगू सबसे ज्यादा खतरनाक है। वर्षाकाल, मानसून सीजन में इन बीमारियों के फैलने के ज्यादा अवसर होते हैं। जून से इसका प्रकोप धीरे-धीरे बढ़ता जाता है जो वर्ष के अंत से कम होने लगता है। डेंगू बुखार, डेंगू नामक वायरस के कारण होता जिसके प्रमुख लक्षण तेज बुखार, सिरदर्द; त्वचा पर चेचक जैसे लाल चकत्ते तथा मांसपेशियों हड्डीयों एवं आंख के पीछे दर्द शामिल है इनमें से किसी भी लक्षण होने पर तुरंत डॉक्टर, स्वास्थ्य कर्मी से संपर्क करना चाहिए। डेंगू, एडीज मच्छर के काटने से फैलता है यह मच्छर काले रंग के साथ शरीर पर सफेद धारी लिए होने से आसानी से पहचाना जा सकता है। यह मच्छर दिन के समय काटता है, जब एक स्वस्थ व्यक्ति को संक्रमित, एडीज मच्छर काटता है तो डेंगू होने की संभावना रहती है। एडीज मच्छर साफ व रुके हुए पानी में अंडे देता है। कहीं पर भी पानी जमा न होने दें, साफ पानी को ढक्कर रखें, कूलर, टंकी, होदी, घर के अन्दर रखे गमलों के पानी, को हफ्ते में जरूर बदलें। घरों की छत पर रखे अनुपयोगी वस्तुएं जैसे- डब्बे, फूलदान, टायर, बर्तन इत्यादि की सफाई करें, उन्हें इस प्रकार रखें कि इनमें पानी जमा ना होने पाये, पानी की टंक्कियों के ढक्कन लगायें। घरों में मच्छर निरोधक पौधे जैसे- लेमन ग्रास, लहसुन, लेवेंडर, गेंदा, तुलसी, सिट्रोनेला इत्यादि लगाएं। आवश्यक है कि हम सोते समय मच्छरदानी का उपयोग करें, घरों में मच्छर निरोधक जालियों का उपयोग करें, मच्छर निरोधी क्रीम,  कॉइल तथा रेपेलेंट का उपयोग करें। इस वर्ष मंडला जिले में अभी तक मलेरिया एवं डेंगू के केस निरंक है जो आमजन की जागरुकता एवं सक्रिय सहभागिता से ही संभव हो पाया है। मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी ने अपील करते हुए कि राष्ट्रीय डेंगू दिवस के अवसर पर जिले के समस्त विभाग, एन.जी.ओ. एवं जनप्रतिनिधि, आमजन, स्वास्थ्य कर्मी, पुलिस कर्मी और मीडिया बंधुओं को “जन-समुदाय की सक्रिय सहभागिता ही डेंगू नियंत्रण की कुंजी है” संदेश के साथ डेंगू नियंत्रण में आपकी सक्रिय सहभागिता की अपेक्षा है।

Related posts

5.1जिले में अब तक 60 मिमी. औसत वर्षा दर्ज

Reva India News

सीईओ जिला पंचायत श्रेयांस कूमट ने किया भीम डोंगरी में नाली निर्माण कार्य का निरीक्षण

Reva India News

सीईओ जिला पंचायत ने किया खेत-तालाब का निरीक्षण  

Reva India News

Leave a Comment