मंडला, 14 मई 2025
प्रमुख सचिव राजस्व विभाग श्री विवेक कुमार पोरवाल ने आज कलेक्टर्स की बैठक में भूमि रिकॉर्ड के डिजिटलीकरण की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने सभी कलेक्टर्स को निर्देशित किया कि इस कार्य के लिए एक नोडल अधिकारी (अभिलेखों के प्रभारी) को नामांकित करें।

श्री पोरवाल ने डिजिटलीकरण प्रक्रिया की बारीकियों पर जोर देते हुए कहा कि कलेक्टर्स स्वयं वेंडर द्वारा स्कैनिंग के लिए चयनित स्थलों और व्यवस्थाओं का निरीक्षण करें। उन्होंने स्कैनिंग कार्य के लिए आवश्यक बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि यह प्रक्रिया सुचारू रूप से संपन्न हो सके। उन्होंने कहा कि बैठक में पुराने स्कैन किए गए रिकॉर्ड की पुनरावृत्ति से बचने पर विशेष ध्यान दें। प्रमुख सचिव ने कहा कि पूर्व में स्कैन किए गए राजस्व रिकॉर्ड, जिन पर बार कोड लगे हुए हैं, उन्हें अलग रखा जाए ताकि अनावश्यक स्कैनिंग से बचा जा सके और समय व संसाधनों का सदुपयोग हो सके। उन्होंने जिला अभिलेखागार से स्कैनिंग स्थल तक दस्तावेजों के सुरक्षित परिवहन और उनकी संपूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित करने के महत्व पर भी प्रकाश डाला। इसके अतिरिक्त, उन्होंने स्कैनिंग का कार्य पूर्ण होने के पश्चात सभी दस्तावेजों की गुणवत्ता नियंत्रण अनिवार्य रूप से कराने के निर्देश दिए ताकि त्रुटि रहित डिजिटल रिकॉर्ड तैयार हो सकें।

इसके अतिरिक्त प्रमुख सचिव श्री पोरवाल ने फॉर्मल रजिस्ट्री की समीक्षा करते हुए शत प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए। उन्होंने पीएम किसान योजना के अंतर्गत शेष पात्र किसानों की ई-केवाईसी प्रक्रिया को भी प्राथमिकता के साथ पूर्ण करें। बैठक में एनआईसी कक्ष मंडला से अपर कलेक्टर अरविंद सिंह, अपर कलेक्टर जेपी यादव और सभी एसडीएम सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

