मंडला, 28 जनवरी 2026
वन स्टॉप सेंटर (सखी) द्वारा निवास ब्लॉक अंतर्गत धार्मिक स्थलों के धर्म गुरुओं, प्रिंटिंग प्रेस के संस्थापकों को 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान की जानकारी दी गई। इस दौरान उपस्थित प्रतिभागियों को बाल विवाह मुक्त भारत के निर्माण में सहयोग प्रदान करने के लिए जागरूक किया गया एवं जिला स्तर में संचालित कन्ट्रोल रूम की जानकारी देते हुये 18 वर्ष के पहले लड़की एवं 21 वर्ष के पहले लड़के का विवाह बाल विवाह कहलाता है, जिसे सरकार द्वारा प्रतिबंधित किया गया है। बाल विवाह करने वाले, करवाने वाले एवं बाल विवाह में शामिल होने वाले लोगों को 1 लाख का जुर्माना और 2 वर्ष का कारावास या दोनों का प्रावधान है बताया एवं उक्त मैरिज लोन के संस्थापकों को बाल विवाह रोकथाम के लिए शपथ दिलाई गई।

